आभूषण विक्रेताओं ने मार्च निकाला
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बस्ती। स्वर्ण आभूषण पर एक्साइज ड्यूटी के विरोध में सराफा कारोबारियों की हड़ताल 36वें दिन भी जारी रही। बृहस्पतिवार को सराफा व्यवसायियों ने पुरानी बस्ती स्थित पंचायती मंदिर पर सराफा एवं स्वर्ण व्यवसायी संघ के जिलाध्यक्ष कुंदनलाल वर्मा की अध्यक्षता में बैठक कर रोष व्यक्त किया गया। सराफा व्यवसायियों ने आरोप लगाया कि सरकार की हठधर्मिता के चलते स्वर्ण कारोबारी और उससे जुड़े छोटे कारीगर तबाही के कगार पर पहुंच चुके हैं। बैठक में 10 अप्रैल तक हड़ताल जारी रखने का निर्णय हुआ।
जिलाध्यक्ष ने बताया कि 10 अप्रैल के बाद लखनऊ में प्रदेश स्तर की बैठक होगी। उसमें आगे की रणनीति बनाने पर विचार होगा। कहा कि इतने दिनों से चली आ रही हड़ताल एवं बंदी का केंद्र सरकार कोई संज्ञान में नहीं ले रही है। अगर इसी तरह रहा तो आगामी विधानसभा चुनावों में यही व्यापारी भाजपा को सबक सिखाएंगे। प्रवक्ता हरिमोहन वर्मा, नगर अध्यक्ष विश्वनाथ सोनी एवं उज्ज्वल गुप्त ने कहा कि हड़ताल का प्रभाव सबसे अधिक छोटे कारीगरों पर पड़ रहा है। इन कारीगरों के सामने गंभीर आर्थिक संकट खड़ा हो गया है। प्रवक्ता ने बताया कि चार अप्रैल को सभी व्यापारी संगठनों के समर्थन से पूरे प्रदेश में बंदी रही। इस मौके पर मनोज, पवन कुमार, शिव कुमार, संजय, रजनीश, मणिलाल, राजेंद्र, बब्लू, अष्टभुजा, जगदंबा, सूर्यलाल, अरुण, पहाड़ी, रजनू बरनवाल आदि मौजूद रहे।