बस्ती। भाजपा नेता अजय सिंह को हत्यारोपी बनाए जाने के विरुद्ध बार एसोसिएशन के अधिवक्ता मैदान में उतर आए हैं। बार एसोसिएशन की हुई बैठक में अधिवक्ताओं ने प्रशासन से दर्ज मुकदमे को फर्जी बताया और वापस लेने के साथ सीबीआई जांच की मांग की।
मंगलवार को बार के अध्यक्ष महिनाथ त्रिपाठी के नेतृत्व हुई बैठक में लजघटा गांव निवासी अरविंद सिंह की हत्या के आरोप में अभियुक्त बनाए गए भाजपा नेता अधिवक्ता अजय सिंह सहित उनके परिवार के लोगों को नामजद किए जाने को लेकर निंदा प्रस्ताव पारित कर विरोध जताया।
सचिव बालकृष्ण पांडेय ने कहा कि अजय सिंह राजनीतिक व्यक्ति हैं, उन्हें राजनीतिक द्वेष के चलते हत्यारोपी बनाया गया है। उन्होंने निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए चेतावनी दी कि यदि पुलिस अधिवक्ता अजय सिंह के परिजनों का उत्पीड़न करेगी तो वे चुप नहीं बैठेंगे। पूर्व मंत्री महावीर प्रसाद द्विवेदी ने किसी का नाम लिए बगैर कहा कि कुछ सफेदपोश नेता अजय सिंह की लोकप्रियता को हजम नहीं कर पा रहे हैं और सरकारी मशीनरी का दुरुपयोग कर फर्जी मुकदमे फंसाया जा रहा है।
बैठक में सीबीआई जांच के लिए राज्यपाल सहित सीएम को पत्र भेजने के प्रस्ताव को भी सर्वसम्मत से पारित किया गया। इस संबंध में बार के प्रतिनिधि पुलिस उच्चाधिकारियों से मिलकर घटना का पक्ष रखेंगे। बैठक में भगवती प्रसाद श्रीवास्तव शुभनंदन पांडेय हरिभान सिंह, इंद्रजीत सिंह, लालजी सिंह, अनिल सिंह, अखिलेश दुबे आदि मौजूद रहे।
गिरफ्तारी हुई तो करेंगे आंदोलनः भाजपा
बस्ती। किसान अरविंद सिंह की हत्या में आरोपी बनाए गए भाजपा नेता अजय सिंह के समर्थन में भाजपा पार्टी उतर चुकी है। पार्टी के पदाधिकारियों ने मंगलवार को पुलिस अधीक्षक से कहा कि अगर राजनीतिक दबाव में उनके कार्यकर्ता की गिरफ्तारी होती है तो वे आंदोलन करने के लिए विवश होंगे। मंगलवार को भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष पवन कसौधन के नेतृत्व में पार्टी के पदाधिकारी एसपी से मिले और बताया कि भाजपा नेता अजय सिंह पूरी तरह से निर्दोष हैं।
पुलिस निष्पक्ष होकर अपना काम करे और किसी के हाथों की कठपुतली न बने। जिलाध्यक्ष कसौधन ने कहा कि प्रकरण की पुलिस पहले बारीकी से जांच कर ले। इसके बाद ही पार्टी कार्यकर्ता की गिरफ्तारी करे। वरना भाजपा आंदोलन के लिये बाध्य होगी। इस मौके पर क्षेत्रीय अध्यक्ष उपेंद्र शुक्ल, त्रयंबक त्रिपाठी, पूर्व जिलाध्यक्ष दया शंकर मिश्र, सुशील सिंह, अजय सिंह गौतम, अभय पाल, प्रमोद पांडेय, अखंड प्रताप सिंह, अखिलेश शुक्ल आदि मौजूद रहे।