- बीरपुर खरहरा उपकेंद्र पर पहुंचे उपभोक्ताओं ने किया विरोध प्रदर्शन
- शहर से लेकर ग्रामीण इलाके तक बेपटरी हुई आपूर्ति
संवाद न्यूज एजेंसी
बस्ती। मानसून सीजन शुरु होती ही बिजली आपूर्ति व्यवस्था बेपटरी हो गई है। सुधार की जगह दिनों दिन स्थिति और भी भयावह होती जा रही है। शहर के लेकर ग्रामीण इलाकों तक हर जगह बिजली के लिए हाहाकारी मची हुई है। बुधवार को तो छावनी क्षेत्र के बीरपुर खरहरा उपकेंद्र पर उपभोक्ताओं ने विरोध प्रदर्शन कर आपूर्ति सामान्य करने की मांग की।
छावनी क्षेत्र के विद्युत उपकेंद्र बीरपुर खरहरा पर बुधवार को पहुंचे उपभोक्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया। उपभोक्तओं ने बताया कि उपकेंद्र से 10 दिनों में कुल 22 घंटे ही बिजली मिली है। छावनी कस्बे में लगे 400 केवीए का ट्रांसफार्मर खराब हो गया है। आक्रोशित उपभोक्ताओं ने उपकेंद्र पहुंचकर करीब एक घंटे तक सभी फीडरों से आपूर्ति रोक दिया। अवर अभियंता राजकेश्वर सिंह ने उभोक्ताओं को अविलंब समस्या के निस्तारण का आश्वासन दिया। तब जाकर सभी वापस लौटे। जानकारी के अनुसार बीरपुर खरहरा उपकेंद्र से छावनी, अमोढ़ा, सेवरालाला, डुहवा फीडर के करीब 250 गांवों को बिजली आपूर्ति दी जाती है। मौके पर सूरज जायसवाल, धर्मेंद्र सोनी, श्री श्याम जायसवाल, शंटी सिंह, रघुवीर, दुर्गा प्रसाद कसौधन आदि मौजूद रहे।
मानसून से पहले तैयारी न करना पड़ रहा भारी
- मानसून से पहले बिजली आपूर्ति व्यवस्था की तैयार न करना विद्युत निगम व उपभोक्ताओं को भारी पड़ रहा है। हर साल मानसून से पहले संसाधनों को दुरुस्त करने के लिए अभियान चलाकर किया जाता था। लेकिन, इस बार ऐसे नहीं किया गया। तभी तो आए दिन खंभे क्षतिग्रस्त होने, जंफर कटने व तार टूटने की घटनाएं हो रही हैं। जो आपूर्ति सामान्य बनाए रखने में बाधा बन रही हैं। मंगलवार रातभर कटौती के कारण गांधीनगर उपकेंद्र के सिविल लाइन, कचेहरी, आवास विकास, बैरिहवा, तुर्कहिया, पक्के आदि के उपभोक्ता परेशान रहे। बेतहाशा कटौती के कारण उपभोक्ताओं की रातें खराब हो रही हैं। कमोबेश, यही हाल बभनान, हर्रैया, मखौड़ा धाम, श्रृंगीनारी, बनकटी, मुंडेरवा आदि ग्रामीण इलाकों का भी है। फाल्ट के नाम पर रातभर कटौती हो रही है।