फोन पर नहीं पहुंची एंबुलेंस, प्रबंधक से स्पष्टीकरण तलब
सीएमओ को कंपनी पर जुर्माना लगाने का दिया निर्देश
डीएम ने कलेक्ट्रेट सभागार में विकास कार्यों की समीक्षा
बस्ती। फोन के बाद भी एंबुलेंस के मरीज के पास न पहुंचने पर डीएम प्रियंका निरंजन ने सेवा प्रदाता कंपनी के प्रबंधक से स्पष्टीकरण तलब करते हुए जुर्माना लगाने के निर्देश सीएमओ को दिए।
बृहस्पतिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में विकास कार्यों की समीक्षा बैठक में डीएम को बताया गया कि 7957 फोन के सापेक्ष 2250 जगहों पर एंबुलेंस उपलब्ध हो पाई। डीएम ने विकास खंडों में स्थित पशु चिकित्सालयों, बीज गोदाम, सीडीपीओ कार्यालय व अन्य भवनों के जीर्णोद्धार का प्रस्ताव तैयार कराने के निर्देश बीडीओ को दिए। विद्युत निगम को निर्देश दिए स्कूलों, सामुदायिक शौचालयों व पंचायत भवनों को ऊर्जीकृत कराएं।
डीपीआरओ नमिता शरन ने डीएम को बताया कि 758 में से 541 पंचायत भवनों का निर्माण हो चुका है। 1185 में से 895 ग्राम पंचायतों को इंटरनेट से जोड़ा जा चुका हैै। निरीक्षण के दौरान 912 में से 262 सामुदायिक शौचालयों में खामियां पाई गईं थीं। डीएम ने निर्देश दिए सभी ग्राम पंचायतों को इंटरनेट से जोड़ने की पहल की जाए। पंचायत भवन तक पहुंचने के लिए मार्ग सही कराए जाएं। निजी प्रयोग में लाए जा रहे पंचायत भवनों को खाली कराएं।
उन्होंने सभी बीडीओ को वास्तविक रूप से पशु गणना कराने के निर्देश दिए। पीडब्ल्यूडी को निर्देश दिए कि बनकटी व गौर में वृहद गो आश्रय स्थलों को 25 सितंबर तक हर हाल में पूरा कराकर हस्तांतरित करें। ताकि दो अक्तूबर से इसका संचालन शुरू कराया जा सकते। समीक्षा में डीएम ने पाया कि यूपीपीसीएल की ओर से स्कूलों में स्थापित करीब 1,300 में से 365 इंडिया मार्क हैंडपंप खराब पड़े हैं। हफ्तेभर में इसे ठीक कराने के निर्देश दिए।
उन्होंने निर्देश दिए कि 170 परिषदीय स्कूलों के ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन को हटाने के लिए 15 दिन में स्टीमेट प्रस्तुत करें। 509 विद्यालयों के चहारदीवारी निर्माण की समीक्षा में उन्होेंने पाया कि 13 का निर्माण शुरू ही नहीं किया गया है। इससे संबंधित विवाद समाप्त कराने के लिए एडीएम को निर्देश दिए। बैठक का संचालन अर्थ एवं संख्याधिकारी मो. सादुल्लाह ने किया। इस मौके पर सीडीओ डॉ. राजेश कुमार प्रजापति, एडीएम अभय कुमार मिश्र, सीएमओ डॉ. रुद्र प्रकाश मिश्र, पीडी कमलेश सोनी, डीडीओ अजीत श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।