बस्ती। परशुरामपुर ब्लॉक के ग्राम पंचायत सलेमपुर पांडेय में विकास के नाम पर पांच लाख रुपये से अधिक के सरकारी धन के गबन करने का मामला जांच में सामने आया है। इसकी जांच डीएम ने लालमनि की शिकायत पर जिला अल्प संख्यक अधिकारी और डीआरडीए के एई(सहायक अभियंता) से कराई। डीएम अरविंद कुमार सिंह ने प्रधान रेशमा देवी और ग्राम विकास अधिकारी विश्वनाथ पांडेय को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। जवाब देने के लिए 15 दिन का समय दिया। अन्यथा की स्थित में प्रधान का अधिकार सीज और सेक्रेट्री के खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई करने को चेताया गया है।जिन मामलों में सरकारी धन के गबन करने का मामला सामने आया उनमें सागर यादव के खेत से छपिया तक संपर्क मार्ग का निर्माण करना है। इनमें जांच टीम ने फर्जी बिल बाउचर लगाने का मामला पकड़ा और 75,600 रुपये के गबन का आरोप लगाया। घिराऊ के घर से नाला तक 130 मीटर नाली निर्माण का है। इसमें जांच टीम ने एक लाख से अधिक का गबन करने का मामला पकड़ा। जयराम के घर से रामदीन के घर तक खड़जा निर्माण में फर्जी तरीके से 42,480 रुपये, साइन बोर्ड लगवाने के नाम पर छह हजार और सोलर लाइट में एक लाख 72 हजार पांच सौ रुपये सहित कुल पांच लाख से अधिक के गबन का दोषी पाया गया। इसके लिए प्रधान और सेक्रेट्री को जिम्मेदार बताया गया।