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Bareilly News: पत्नी जी! मेरो इरादो बिल्कुल नेक है, तू सैकड़ों में एक है...

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बरेली। हास्य के हिमालय पद्मश्री सुरेंद्र शर्मा ने बुधवार को जब मंच संभाला तो उनके चिर-परिचित अंदाज को देखते ही श्रोता खिलखिला पड़े। उन्होंने बरेली वालों का बुलाने के लिए आभार जताया। फिर बोले- यहां जितने भी पति बैठे हैं, वह पत्नियों की दहशत में हैं। पत्नी को हंसता देख पति भी हंस रहे हैं। उनकी इस बात पर सभी की हंसी छूट गई।
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वह सेंट्रल यूपी चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री सोसाइटी की ओर से सीबीगंज स्थित एक निजी होटल में आयोजित होली सेलिब्रेशन एवं हास्य कवि सम्मेलन में मौजूद थे। इसके बाद उन्होंने किस्सों की कतार जब पिरोनी शुरू की तो हंस-हंसकर लोग लोटपोट होने लगे। किस्से की शुरुआत यूं थी कि ''''पत्नी जी! मेरो इरादो बिल्कुल नेक है, तू सैंकड़ों में एक है...वा बोली-बेवकूफ मत बणाओ, बाकी निन्याणबैं कूण हैं...या बताओ...।'''' लोग जब हंसे तो उन्होंने हंसने की शर्तें बताईं। कहा कि, हंसना जरूरी है पर कभी भी गलत नहीं हंसना। एक गलत हंसी ने महाभारत करा दिया था। हंसी वही होनी चाहिए जो किसी के आंसुओं पर हासिल न की हो। तब जाकर वो हंसी सार्थक होती है। करीब 40 मिनट तक उन्होंने मंच पर एक से बढ़कर हास्य प्रस्तुतियां दीं। लोग भी उन्हें सुनने के लिए सर्द हवा को सहते हुए जमे रहे। समापन पर सभी ने उनके साथ सेल्फी खींची।

''''कमबख्त अपने दिल का भी व्यापार कर गए''''
कार्यक्रम संचालक कवि रोहित राकेश ने कहा कि ''''आंखें जो दो थीं, उनको भी तो चार कर गए, कमबख्त अपने दिल का भी व्यापार कर गए।'''' कवि कमल सक्सेना ने ''''आई रे होली आई रे, तन मस्त हुआ मन मस्त हुआ, मौसम ने ली अंगड़ाई रे..'''' सुनाया। हाथरस की कवियत्री मीरा दीक्षित ने ''''प्रभु हम पर तुम कर दो करम, ऐसे हो जाएं मेरे बलम, रोटी भी करें पानी भी भरें, ताकि घर बैठ के खाएं हम'''' सुनाकर लोगों को खूब हंसाया। लखनऊ की व्याख्या मिश्रा ने ''''रंगों ने छेड़ दी है फिर नई तकरार होली में, हमारा नाम भी बदनाम है हर बार होली में'''' सुनाया।
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दीप प्रज्ज्वलन से कार्यक्रम का शुभारंभ
मेयर डॉ. उमेश गौतम, यूपी सेंट्रल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री सोसाइटी के अध्यक्ष राजेश गुप्ता, आईआईए चेयरमैन तनुज भसीन समेत सभी आमंत्रित कवियों ने मां सरस्वती की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। यहां संस्था सचिव सीए राजेन विद्यार्थी, उद्यमी उन्मुक्त संभव शील, विनय खंडेलवाल, केबी अग्रवाल, संजय कुमार अग्रवाल, वरुण गुप्ता, इंजीनियर नवीन प्रसाद माथुर, गुरु नारायन मेहरोत्रा, प्रमोद खंडेलवाल, पंकज अग्रवाल समेत अन्य मौजूद रहे।
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