जाम लगाकर बैठे परिजन और ग्रामीण...
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दूसरे समुदाय की युवती से प्रेम प्रसंग पर चल रहे विवाद के बीच शनिवार सुबह युवक का शव पेड़ पर लटकता मिला तो माहौल गरमा गया। पैरों के साथ युवक के हाथ भी पीठ पीछे बंधे होने के बावजूद पुलिस के आत्महत्या बताने पर भड़के ग्रामीणों ने शीशगढ़-बहेड़ी रोड पर जाम लगा दिया। भारी तनाव देखते हुए कई थानों की फोर्स के साथ पीएसी बुला ली गई। इसके बावजूद 12 घंटे बाद भी लगा हुआ था।
शीशगढ़ के गांव कुतुकपुर में किसान रामधुन सुबह अपने खेत पर पहुंचे तो सालिकराम के पड़ोसी खेत में पेड़ पर युवक का शव लटकता देखकर पुलिस को सूचना दी। युवक की शिनाख्त गांव जिया नगला के सुनील कुमार (23) के रूप में हुई। पिता आशाराम ने बेटे की हत्या का आरोप लगाते हुए थाने में तहरीर दी।
इसमें कहा, सुनील शुक्रवार रात नौ बजे तक अपनी दुकान पर था। इसके बाद घर आकर सो गया। रात में वह कब घर से बाहर निकला और कौन उसे ले गया, यह उन्हें नहीं पता। आशाराम ने आरोप लगाया कि तीन महीने पहले सुनील के गांव की ही दूसरे संप्रदाय की युवती से प्रेम प्रसंग पर विवाद हुआ था। ग्राम प्रधान और गांव के लोगों ने इसे शांत करा दिया लेकिन युवती के घरवाले रंजिश मानने लगे।
वे ही शुक्रवार रात घर में घुसकर सुनील को बुला ले गए और फिर हाथ-पैर बांधकर और मुंह में कपड़ा ठूंसकर मारपीट करने के बाद उसकी हत्या कर दी और शव पेड़ से लटका दिया। युवक का शव मिलने के बाद भारी तनाव के बावजूद शीशगढ़ पुलिस सुनील के आत्महत्या करने की बात पर अड़ी रही तो ग्रामीण भड़क गए। दोपहर डेढ़ बजे उन्होंने शीशगढ़-बहेड़ी मार्ग पर जाम लगा दिया। ग्रामीणों का गुस्सा देखते हुए बहेड़ी, शाही, शेरगढ़ समेत चार थानों की फोर्स के साथ पीएसी भी बुला ली गई।