भुता। कुंवर बैंकट हॉल के सामने रात के अंधेरे में काटा जा रहा पेड़ बाइक सवार दो युवकों पर गिर गया। आनन-फानन उन्हें उपचार के लिए निजी अस्पताल ले जाया गया। जांच के बाद डॉक्टरों ने एक को मृतक घोषित कर दिया। हादसे के बाद आक्रोशित परिजनों ने शव होलिका दहन स्थल के पास रखकर प्रदर्शन किया। हंगामे के बाद पुलिस ने आरोपी ग्राम प्रधान समेत तीन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की।
थाना क्षेत्र के गांव नवदिया निवासी सिद्धार्थ भाई पवनेंद्र के साथ बाइक पर बैठ ड्यूटी से घर लौट रहे थे। रात साढ़े 11 बजे के करीब जैसे ही वह भुता गांव स्थित कुंवर बैंकट हॉल के सामने पहुंचे अचानक से एक पेड़ भरभरा कर उनके ऊपर गिर गया। हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। सूचना पर पहुंचे परिजन दोनों को लेकर बरेली के एक निजी अस्पताल पहुंचे। जांच के बाद डॉक्टरों ने पवनेंद्र को मृतक घोषित कर दिया। घायल सिद्धार्थ को अस्पताल में भर्ती कर उपचार शुरू किया गया है। वहीं देर रात परिजनों ने पवनेंद्र का शव भुता गांव में होलिका दहन स्थल के समीप हाईवे पर रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। प्रदर्शन के चलते हाईवे पर लंबा जाम लग गया। परिजनों ने बताया ग्राम प्रधान बिना अनुमति के ही सरकारी जमीन पर खड़ा पेड़ कटवा रहा था। ग्राम प्रधान की लापरवाही की वजह से पवनेंद्र की जान गई है, ऐसे में आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की जाए। जाम की सूचना पर थाना अध्यक्ष राजेश बाबू मिश्रा फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। करीब तीन घंटे तक परिजनों का समझाने का प्रयास चलता रहा। आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज होने का आश्वासन मिलने के बाद आक्रोशित परिजन शांत हुए। चार बजे के करीब पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। इसके बाद जाम खुलवाया गया। परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने ग्राम प्रधान बृजेश सिंह सहित तीन लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की। मृतक के परिवार में पत्नी के अलावा एक बेटा और एक बेटी है। हादसे के बाद पत्नी करिश्मा सिंह और परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मातम में बदलीं खुशियां
होली के त्योहार को लेकर परिजन तैयारियों में जुटे हुए थे। घर में परिजन गुझिया समेत अन्य पकवान बना रहे थे। इसी दौरान उन्हें यह मनहूस खबर मिली। पवनेंद्र की मौत से गांव वाले भी मायूस दिखे।