अस्पताल में शीतल को छोड़कर बाकी सभी स्वस्थ हो गए हैं। सभी बातें भी कर रहे हैं। शीतल की हालत में अधिक सुधार नहीं हुआ। वह बहकी-बहकी बातें कर रही है। थोड़ा होश में आने पर मेहंदीपुर ले चलने को कहती है।
मोहल्ले में चर्चा, पहले नहीं देखा शीतल का ऐसा रूप
बहादुरगंज मोहल्ले के अमित लोधी राजपूत ने बताया कि पुलिस के साथ दरवाजा तोड़ने के बाद अंदर प्रवेश करने पर जो दृश्य देखा। ऐसा कभी नहीं देखा है। शीतल पूजा-पाठ करती थी, लेकिन ऐसा करने की उम्मीद नहीं थी। उसे किसी ने बहकाया है। मोहल्ले के राजू, अर्जुन सिंह आदि ने बताया कि बनारसी और उनके परिवार में कभी विवाद की बात सामने नहीं आई है।
मोहल्ले के पूर्व सभासद शैलेंद्र शर्मा मंटू ने बताया कि परिवार के लोग सीधे-साधे हैं। हो सकता है कि किसी तांत्रिक ने बहकाया हो। तिलहर पुलिस बुधवार को एक बार फिर से संतो के घर पर पहुंची। वहां चौकी लगाए जाने वाले कमरे का बारीकी से जायजा लिया। मकान की छत पर दीपक, बताशे और सिंदूर मिला है।