बरेली। रुहेलखंड विश्वविद्यालय के पीएचडी व एमटेक पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए विदेशी विद्यार्थी भी रुचि दिखा रहे हैं। अब तक 15 लोगों ने पीएचडी में दाखिला लिया है, वहीं एमटेक में भी लगातार आवेदन आ रहे हैं। इसमें अफ्रीका, नेपाल व भूटान के विद्यार्थी शामिल है। इसकी वजह विवि के अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बन रहे संबंधों को माना जा रहा है।
विवि की वेबसाइट admission.mjpruiums.in पर इन दिनों विदेशी नागरिकों के लिए प्रवेश पंजीकरण किए जा रहे हैं। इसमें बीफार्मा, बीटेक, प्रबंधन अध्ययन स्नातक, बीएचएम और एमए, एमबीए, एमबीए एग्जीक्यूटिव, एमबीए मार्केटिंग, एमसीए, एमफार्मा, एमएससी, एमटेक, एमटेक-पीएचडी (एकीकृत दोहरी डिग्री) व सामाजिक कार्य में स्नातकोत्तर में दाखिले के लिए आवेदन मांगे गए हैं। इसमें 15 विद्यार्थियों ने पीएचडी में प्रवेश लिया है। वहीं एमटेक में भी आवेदन हो रहे हैं।
पीएचडी और एमटेक में दिखा रहे रुचि
विवि की ओर से भले ही 14 पाठ्यक्रमों के लिए प्रवेश पंजीकरण किया जा रहा हो, लेकिन सबसे अधिक रुचि विद्यार्थी पीएचडी और एमटेक में दिखा रहे हैं। बढ़ते प्रवेश संख्या के संबंध में निदेशक प्रो. सुधीर कुमार का कहना है कि विवि लगातार अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान को मजबूत कर रहा है। नेपाल व भूटान के साथ समझौता ज्ञापन भी किया गया है। हाल में ही भूटान में सम्मेलन भी आयोजित किया गया। साथ ही आए दिन नए आयाम भी स्थापित किए जा रहे हैं।
वर्जन...
पीएचडी में पिछले वर्ष 12 विदेशी शोधार्थियों ने प्रवेश लिया था। इस बार यह संख्या बढ़कर 15 हो गई है, प्रवेश पंजीकरण जारी है। वहीं एमटेक में भी विदेशी युवा लगातार दाखिला ले रहे हैं। इस वर्ष यह संख्या 50 तक पहुंचने की उम्मीद है। - प्रो. सुधीर कुमार, निदेशक, रुहेलखंड विश्वविद्यालय