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Bareilly News: एसजेड अस्पताल में हुआ था दुष्कर्म पीड़िता का गर्भपात, मुकदमा

Mon, 11 Sep 2023 01:42 AM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, बरेली
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भोजीपुरा। अनुसूचित जाति की मानसिक रूप से कमजोर किशोरी से दुष्कर्म कर गर्भपात कराने का मामला सामने आया है। गांव की आशा कार्यकर्ता किशोरी और उसकी मां को फुसलाकर शेरगढ़ के उसी विवादित एसजेड समाजसेवा अस्पताल एंड अल्ट्रासाउंड सेंटर में ले गई थी, जिसे दो दिन पहले सील किया गया है। पीड़ित पक्ष ने मुकदमा दर्ज कराया है।
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देवरनिया क्षेत्र का रहने वाला अनुसूचित जाति का परिवार भोजीपुरा थाना क्षेत्र के एक गांव में किराये पर रहकर फैक्टरी में नौकरी करता था। इसी गांव में पीलीभीत जिले के पूरनपुर थाना क्षेत्र के गांव सिकराना का सूरज रहता था। वह इलेक्ट्रॉनिक्स उत्पादों की दुकान पर काम करता था। किशोरी के पिता ने उसे पंखा ठीक कराने के लिए दिया था। सूरज जब पंखा लगाने आया तो घर में किशोरी के अलावा कोई नहीं था। सूरज ने धमकाकर उसके साथ दुष्कर्म किया था। इससे किशोरी गर्भवती हो गई।
किशोरी की मां के मुताबिक 20 अगस्त को बेटी की हालत बिगड़ी। वह उसे मेडिकल कॉलेज ले जा रही थीं तो पड़ोस में रहने वाली आशा कार्यकर्ता ऊषा ने पेट देखकर बताया कि बेटी गर्भवती है। ऊषा उन्हें अपने परिचित एसजेड समाजसेवा अस्पताल एंड अल्ट्रासाउंड सेंटर शेरगढ़ ले गई। वहां महिला डाक्टर ने ऑपरेशन से गर्भपात करा दिया।
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किशोरी की हालत नहीं सुधरी तो उसकी मां भोजीपुरा थाने पहुंचीं और पुलिस को वाकया बताया। पुलिस ने दुष्कर्म के आरोपी सूरज, आशा कार्यकर्ता ऊषा, एसजेड अस्पताल शेरगढ़ के डॉ. सैय्यद जमीर हसन व इसी अस्पताल की महिला डॉक्टर के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की है। प्रभारी निरीक्षक नीरज कुमार मलिक ने बताया कि किशोरी के बयान, मेडिकल आदि की कार्रवाई चल रही है। औपचारिकताएं पूरी होने के बाद गिरफ्तारी व अन्य कार्रवाई की जाएगी।
प्रसूता की मौत के बाद सील हुआ था अस्पताल
28 अगस्त को एसजेड अस्पताल में प्रसव के दौरान एक महिला की मौत हो गई थी। महिला के परिजनों ने अस्पताल के स्टाफ पर रिपोर्ट दर्ज कराई पर बाद में समझौता कर लिया। हालांकि पुलिस ने सीएमओ को रिपोर्ट भेजी थी। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने जांच में अस्पताल को अवैध पाया। दो दिन पहले ही रिपोर्ट दर्ज कराकर अस्पताल को सील कर दिया गया था।
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