बरेली। पार्षदों ने चाय पे चर्चा कार्यक्रम में मंगलवार को नगर निगम के गड्ढा मुक्त अभियान की पोल खोल दी। नगर आयुक्त निधि गुप्ता वत्स ने सुना तो निर्माण विभाग के अभियंताओं को तलब कर लिया। कहा कि सड़कों के अधूरे काम जल्द पूरे कराएं। देरी होगी तो जवाबदेही तय की जाएगी।
नगर निगम बोर्ड की कार्यकारिणी के समक्ष 19 जनवरी को पुनरीक्षित बजट पेश किया जाएगा। इससे पहले समस्याओं के समाधान का प्रयास शुरू किया गया है। इसीलिए चाय पार्टी के बहाने भाजपा व सपा के पार्षद नगर निगम बुलाए गए। पार्षदों ने कहा- कभी एस्टीमेट बनाने का बहाना तो कभी जल्दी काम पूरा कराने का आश्वासन दिया जाता है, पर सड़कें अधूरी पड़ी हैं। आखिर ऐसा कब तक चलेगा।
पार्षद सलीम अहमद, अलीम खान, नासिर, इकबाल, सागर मौर्य, नीरज, रंजीत ने सड़कों के खस्ताहाल होने के मुद्दे को प्रमुखता से उठाया। इसके अलावा स्वच्छता अभियान से जुड़े मुद्दे भी उठाए।
पार्षदों की बात...
तीन सड़कों के टेंडर एक भी नहीं बनी
हमारे स्वालेनगर वार्ड में तीन सड़कों के टेंडर हुए, पर एक भी नहीं बनी। एक सड़क अधूरी पड़ी है। नगर आयुक्त सड़कें बनवाने के लिए निर्देश दे रही हैं, पर निर्माण विभाग उसका पालन नहीं कर रहा, जिससे समस्या बनी हु है। -अलीम खां सुल्तानी, पार्षद, वार्ड 30
तीन साल से टूटी सड़क अब तक नहीं बनी
पुलिया की मरम्मत के लिए पिछले महीने टेंडर खुल गए। अब तक काम नहीं हुए। पंजाब नेशनल बैंक से शालू रावत के घर तक की सड़क तीन साल से टूटी पड़ी है। बार-बार मुद्दा उठाते हैं, पर सड़क नहीं बन रही है। -सागर मौर्य, पार्षद, वार्ड 56