बरेली। अखिल भारतीय उत्तराखंड महासभा ने रविवार को महिला सशक्तिकरण पर आधारित सोलहवां बसंतोत्सव धूमधाम से मनाया। मातृशक्ति को समर्पित बसंतोत्सव में अपने क्षेत्र में पहचान बनाने वालीं महिलाओं को सम्मानित किया गया। लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल को उत्तराखंड गौरव सम्मान से नवाजा गया।
कुर्मांचल नगर स्थित भोलेनाथ मंदिर प्रांगण में पर्वतीय संस्कृति, संगीत, कला, वेशभूषा को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोगों का हुजूम जुटा। बच्चों से लेकर बड़ों तक सभी काफी उत्साहित दिखे। उत्तराखंड के मशहूर लोक गायक इंद्र आर्या ने अपनी प्रस्तुति से सबका मन मोह लिया। इस दौरान सभी लोग उनके गानों पर थिरकते नजर आए। इसमें पारंपरिक पहनावे में महिलाओं की छटा देखते ही बन रही थी। खटीमा और अल्मोड़ा की सांस्कृतिक टीमों ने रंगारंग प्रस्तुति से कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए। सम्मानित हुईं लखनऊ की महापौर ने कहा कि पर्वतीय संस्कृति के पारंपरिक लोकनृत्य, लोकगीत व लोक संस्कृति के विहंगम दृश्य को नाथ-नगरी में देखकर लग रहा है कि वह उत्तराखंड में हैं।
इस दौरान राष्ट्रीय मंत्री राजेंद्र प्रसाद घिल्डियाल, कार्यवाहक अध्यक्ष केसी जोशी, जिला महासचिव चंदन सिंह नेगी, सांसद संतोष कुमार गंगवार, महापौर उमेश गौतम, विधायक संजीव अग्रवाल, विधायक डॉ. राघवेंद्र शर्मा, डॉ. दीप पंत, एमसी पंत, राजीव ढींगरा, महंत नीरज मिश्रा, जयदीप लुनियाल, डॉ. विनोद पागरानी, डॉ. रमाकांत डंडरियाल, डॉ. एमएस बासु मौजूद रहे। संचालन लखनऊ आकाशवाणी से आए हुए सुरेंद्र राजेश्वरी ने किया।
ये हुए सम्मानित
कार्यक्रम अपने कार्य क्षेत्र में विशेष पहचान बनाने वालीं महिलाओं को महिला सशक्तिकरण सम्मान से सुशोभित किया गया। इसमें सुधा रावत, डॉ. मुक्ता पागरानी, डॉ. दीपशिखा जोशी, डॉ. स्वाति डंडरियाल, डॉ. ओशीन बोनाल, डॉ.सुविधा मेहर, डॉ.हेमा पंत, सुशीला धस्माना, पूनम ढींगरा, मीता सती, मंशा मिश्रा, कौशल्या सिंह, गीता रावत, निशा बिष्ट शामिल रहीं। एडवोकेट वीपी ध्यानी व पार्षद नरेंद्र सिंह अधिकारी को भी सम्मानित किया गया। साहित्यकार सिया सचदेवा को स्वर्गीय डॉ. वीरेन डंगवाल स्मृति साहित्य सम्मान प्रदान किया गया।