उन्होंने कहा कि नुपुर शर्मा के प्रकरण पर सरकार के मौन धारण करने से ही देश में हालात बिगड़े हैं। उदयपुर में टेलर की हत्या हो या फिर रांची में बेकुसूर नाबालिग मुस्लिम बच्चों की मौत। इन सबके लिए नुपुर शर्मा की टिप्पणी और सरकार की खामोशी ही जिम्मेदार है। वक्त रहते नुपुर शर्मा को गिरफ्तार कर लिया जाता तो देश को इन हालात का सामना नहीं करना पड़ता।
एक सवाल के जवाब में मौलाना ने कहा कि उदयपुर हत्याकांड के आरोपियों को सजा मिलनी चाहिए। रांची में पुलिस फायरिंग में मारे गए बच्चों के परिवारों को भी झारखंड सरकार को मुआवजा देना चाहिए। मुआवजे को हिंदू और मुसलमान के नजरिए से नहीं देखा जाना चाहिए।