दुनका। बंदर के हमले में छत्र से गिरकर दुनका के हरिचरन लाल के 40 वर्षीय बेटे मुकेश की मौत हो गई। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है, इससे पहले इसी गांव के एक मासूम को पिता की गोद से छीनकर बंदर ने दो मंजिला मकान की छत से फेंक दिया था, जिससे मासूम की मौत हो गई थी।
मृतक मुकेश बुधवार शाम छत पर टहलने गए थे। वह छत पर पहुंचे तो वहां बैठा बंदरों को झुंड उन पर हमलावर हो गया। वह बचकर भागे तो असंतुलित होकर छत से गिर गए और गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजन उन्हें मीरगंज हाईवे पर स्थित एक निजी अस्पताल ले गए। जहां बृहस्पतिवार सुबह इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई।
बता दें कि इससे पहले छत पर टहलते समय निर्देश शर्मा की गोद से बंदर उनके डेढ़ महीने के मासूम बेटे को छीन ले गया था। फिर उसे दो मंजिला मकान की छत से फेंक दिया था, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
50 बंदर पकड़ने के बाद बंद हुआ अभियान
निर्देश शर्मा के बेटे को छत से फेंककर मारना का मुद्दा जब जिला स्तर पर गूंजा तो बंदरों को पकड़ने के लिए अभियान चलाया गया, लेकिन 50 बंदर पकड़ने के बाद ही अभियान बंद कर दिया गया। चूंकि बंदरों को पकड़ने के लिए आई टीम का सारा खर्चा ग्रामीणों पर ही डाल दिया गया। प्रधान ने अपने पास से कुछ ग्रामीणों से चंदा करके टीम का खर्चा उठाया मगर प्रशासन की ओर से कोई मदद न मिलने पर 50 बंदर पकड़ने के बाद धन के अभाव में अभियान बंद कर दिया गया।