विद्युत उपकेंद्र पुन्नापुर से संबंधित गौरीशंकर फीडर से जुड़े लगभग दो दर्जन से अधिक गांवों में पिछले बीस दिनों से लो वोल्टेज की समस्या बनी हुई है। इस कारण घरों में लगे सबमर्सिबल व अन्य उपकरणों के सही से न चलने से ग्रामीणों के कामकाज प्रभावित हो रहे हैं। कई बार शिकायत के बावजूद अधिकारियों ने अधिक बिजली ओवरलोड होने की बात कहकर हाथ खड़े कर दिए हैं।
पुन्नापुर उपकेंद्र से संबंद्ध गौरी शंकर फीडर से कैबिनेट मंत्री धर्मपाल सिंह का पैतृक गांव समेत लगभग दो दर्जन गांव जुड़े हुए हैं। इस गौरी शंकर फीडर को स्वतंत्र फीडर के रूप में बनाया गया था, लेकिन यहां के कर्मचारियों ने इस फीडर से एक दर्जन से अधिक और गांवों के निजी नलकूपों की बिजली संचालित कर दी, जबकि इन गांवों में पहले से दूसरे फीडर से बिजली मिल रही थी। पुन्नापुर उपकेंद्र से निजी नलकूप और घरेलू बिजली के लिए अलग-अलग लाइनें हैं, फिर भी कर्मचारियों ने घरेलू लाइन पर नलकूपों की सप्लाई लगा दी है। इससे फीडर ओवरलोड होने के कारण नही चल पा रहा है। शनिवार से तो बिजली व्यवस्था लड़खड़ा गई है। शनिवार, रविवार और सोमवार तीनों दिन मिलकर बमुश्किल से 12 से 15 घंटे ही बिजली मिल रही है। इसमें शेष कहीं लाइन फाॅल्ट, कहीं ट्रांसफार्मर चढ़ाने के नाम पर, तो कहीं ऊपर से कटौती की बात कह कर बिजली गुल होने की बात कही गई है। संवाद
कुछ दिनों से लो वोल्टेज की समस्या है। नलकूप और घरेलू फीडरों को रोक-रोक कर सप्लाई दी जा रही है। जब तक दूसरा फीडर नहीं बनता, इस उपकेंद्र पर बड़ी मशीन नहीं लगती ,तब तक यह समस्या बनी रहेगी।
-विनीत पासवान, जेई, पुन्नापुर बिजली घर