बरेली। बिना सुरक्षा उपकरणों के शटरिंग लगाते मजदूर धनंजय (18) की निर्माणाधीन कुतुबखाना पुल से गिरकर मौत हो गई। हादसा रविवार तड़के हुआ था। मजदूर ने सोमवार को इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया है कि गिरने से उनका सिर और लिवर फट गया था। कमिश्नर सौम्या अग्रवाल ने हादसे की जांच के लिए कमेटी गठित की है।
धनंजय पीलीभीत के पूरनपुर के रहने वाले थे। पुल का निर्माण कार्य शुरू होने के समय से ही यहां काम कर रहे थे। उनकी मौत के पीछे कार्यदाई संस्था की लापरवाही सामने आई है। धनंजय रविवार तड़के 22 फुट ऊंचाई पर शटरिंग लगा रहे थे। जब वे ऊपर से गिरे तो न ही सेफ्टी बेल्ट थी और न ही हेलमेट लगा हुआ था। गिरने की स्थिति में बचने के लिए शटरिंग के नीचे जाल भी नहीं बंधा था। ऊंचाई से गिरने की वजह से शरीर की कई हड्डियां टूट गईं। सिर और लिवर में गंभीर चोट आने से उनकी जान चली गई। मजदूरों ने बताया कि इसी तरह रोज काम होता है। सेफ्टी बेल्ट उन्हें नहीं दी जाती है।
एडीएम की अध्यक्षता में बनी जांच कमेटी
कमिश्नर सौम्या अग्रवाल ने एडीएम की अध्यक्षता में दो सदस्यीय जांच कमेटी बनाई है। इसमें अपर नगर आयुक्त प्रथम को भी शामिल किया गया है। कमेटी हादसे की वजह, इसके जिम्मेदार और सुरक्षा इंतजामों में खामी का पता लगाकर तीन दिन में रिपोर्ट देगी।
वर्जन
घटना की जानकारी मिल गई है। पहला उद्देश्य परिवार की आर्थिक मदद करना है। वह कर रहे हैं। इस पूरे मामले में कमेटी बनाकर जांच कराई जाएगी। जो भी दोषी होंगे, उन पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। -निधि गुप्ता वत्स, सीईओ, स्मार्ट सिटी