- आरोपियों के पास से वनकर्मी से छीनी गई बंदूक और हिरन का सींग बरामद
पीलीभीत। पीलीभीत टाइगर रिजर्व (पीटीआर) में तीन दिन पूर्व दो चीतलों का शिकार करने के बाद वनकर्मी की बंदूक छीनकर फरार होने के मामले में पुलिस और वन विभाग की संयुक्त टीम ने मुठभेड़ के बाद छह शिकारियों को जंगल क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया। पकड़े गए शिकारियों में हेड कांस्टेबल मंसूर खां भी शामिल है। मंसूर खां पूर्व में बरेली की 8वीं बटालियन पीएसी में भी तैनात रह चुका है। उसी ने वनकर्मी से बंदूक छीनी थी, जिसे बरामद कर लिया गया है। वह सहारनपुर के कस्बा तीतरों का रहने वाला है। वर्तमान में उसकी पीलीभीत पुलिस लाइन में तैनाती थी। उस पर पहले से हत्या के प्रयास का मुकदमा दर्ज है।
पुलिस लाइन में सोमवार को एएसपी विक्रम दहिया एएसपी ने बताया कि रविवार रात सूचना मिली कि तीन दिन पूर्व जंगल में शिकार करने वाले शिकारी दोबारा शिकार करने आए हैं। इसके बाद पुलिस और वन विभाग की संयुक्त टीम ने कॉम्बिंग शुरू की। रिछौला चौकी से छह किमी अंदर माधोटांडा-पीलीभीत मार्ग के किनारे बैठे 8-9 शिकारियों ने टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। टीम ने जवाबी फायरिंग करते हुए घेराबंदी कर मुख्य आरोपी जीशान, हेड कांस्टेबल मंसूर अली, न्यूरिया के ग्राम न्यूरिया काॅलोनी निवासी सपन सरकार उर्फ काला, बिपलव, गांव गुलड़िया बिथरा निवासी गुरुविंदर सिंह, उत्तराखंड के ऊधमसिंह नगर जनपद के थाना धनकुईया के गांव बग्गा चौवन निवासी अब्दुल हकीम को पकड़ लिया। अंधेरे का फायदा उठाकर तीन शिकारी बाइक से भाग गए।
पूछताछ में पकड़े गए शिकारियों ने चीतलों का शिकार करने और वनकर्मी से बंदूक छीनने की बात स्वीकार कर ली। आरोपियों को कोर्ट में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया। आरोपियों के पास से वनकर्मी से छीनी गई बंदूक के साथ ही एक डबल बैरल बंदूक, एक पौनिया, एक देसी बंदूक 12 बोर, एक लाइसेंसी रिवाॅल्वर 32 बोर, हिरन का सींग और मांस काटने के उपकरण भी बरामद हुए हैं। संवाद