फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bareilly News: खेत गए किसान की नदी में डूबकर मौत

विज्ञापन
विज्ञापन
मीरगंज। क्षेत्र के गांव दिवना के एक किसान की नदी में डूबकर मौत हो गई। वह शुक्रवार से ही लापता थे। शनिवार को कड़ी मशक्कत के बाद एनडीआरएफ की टीम ने शव को खोज निकाला।
विज्ञापन

थाना क्षेत्र के गांव दिवना निवासी प्रमोद सिंह (45) शुक्रवार को दोपहर घर से खेत पर जाने की बात कहकर गए थे, लेकिन शाम तक उनकी तलाश की, लेकिन उनका कहीं कोई पता नहीं चला। शनिवार सुबह परिवार के लोगों ने खोजा तो नदी किनारे उनकी चप्पल और मोबाइल मिल गया। इसके बाद लोगों ने नदी में डूबने का शक जाहिर किया। सूचना पर उपजिलाधिकारी तृप्ति गुप्ता, तहसीलदार विशाल कुमार शर्मा राजस्व टीम के साथ मौके पर पहुंच गए। लापता व्यक्ति की तलाश कराई, लेकिन कोई पता नहीं चला।
इसके बाद थाना मीरगंज पुलिस के सहयोग से एनडीआरएफ की टीम भी मौके पर पहुंच गई, जिन्होंने नदी में उतरकर तलाश शुरू की तो चार घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद मोबाइल एवं चप्पल मिलने की जगह से पांच सौ मीटर आगे भाखड़ा नदी में एक बल्ली से प्रमोद सिंह का शव अटका हुआ मिल गया। प्रमोद के परिवार में एक बेटा, पत्नी पुष्पा देवी और दो बेटियां हैं। प्रमोद की मौत पर घर में परिजनों का रो-रोकर हाल बेहाल है। लोगों ने अनुमान लगाया कि प्रमोद नदी में हाथ-पैर धोने के लिए उतरे होंगे। पैर फिसलने से गहरे पानी में डूब गए होंगे। संवाद
विज्ञापन


24 घंटे में मिला देवरनिया नदी में डूबे युवक का शव

सरकारी गोताखोर नहीं आए तो महेशपुरा से पारिश्रमिक पर गोताखोरों को बुलाया
भोजीपुरा। देवरनियां नदी में डूबे युवक का शनिवार को घटनास्थल से करीब तीस मीटर की दूरी पर शव मिल गया। शव खोजने के लिए सरकारी गोताखोर नहीं आए तो रामगंगा के पास में स्थित गांव महेशपुरा से पारिश्रमिक पर गोताखोरों को बुलाया गया।
भोजीपुरा थाना क्षेत्र के गांव पीपलसाना चौधरी निवासी युवक नरेंद्र पाल (35) शुक्रवार को दोपहर साढ़े बारह बजे देवरनियां नदी में केकड़ों का शिकार करने गया था। तभी पैर फिसलने से वह नदी में डूब गया। नदी में गाय को नहला रहे एक ग्रामीण ने बचाने की कोशिश की, लेकिन नरेंद्र पाल तक गहरे पानी में चला गया। शुक्रवार की शाम तक गांव के गोताखोरों ने शव खोजने की कोशिश की, लेकिन कामयाबी नहीं मिली।
थानाध्यक्ष रामरतन सिंह लखनऊ मुख्यालय पर गोताखोरों को बुलाने के लिए रिपोर्ट भेजी, लेकिन मौके पर नहीं पहुंचे। गांव के प्रधान वीरेंद्र सिंह ने रुपये देकर बाहर से गोताखोरों को बुलाया। गोताखोरों ने दोपहर में शव घटनास्थल से 20 मीटर दक्षिण दिशा में नदी के किनारे से बरामद किया। संवाद
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें