उधारी वसूलने के लिए आए पूरनपुर के सीमेंट कारोबारी सगीर अहमद की सवा लाख रुपये हड़पने को सीमेंट विक्रेता ने अपने घर के अंदर गोली मारकर हत्या कर दी और उसका शव जहानाबाद इलाके में ले जाकर खेत में दबा दिया। तलाश को निकले भाई भतीजे पूछते पूछते क्योलड़िया क्षेत्र के सीमेंट विक्रेता की दुकान पर पहुंचे तो उसने टहलाने जैसी बातें की। इस पर शक होने पर उनकी निगाह सीमेंट विक्रेता की गैराज में खड़ी गाड़ी पर लगे खून के धब्बाें पर पड़ी। जिसकी जानकारी पुलिस को दी गई। पुलिस ने दुकानदार को हिरासत में लिया तो पूरा राज खुल गया और उसकी निशानदेही पर खेत में दबाई गया शव भी बरामद कर लिया गया।
पूरनपुर (पीलीभीत) के मुहल्ला अहमदनगर निवासी वशीर अहमद का पुत्र सगीर अहमद सीमेंट की एक कंपनी का थोक विक्रेता था। वह पूरनपुर के ही जराकोठी पर सीमेंट का कारोबार भी करता था। रविवार की दोपहर में वह उधार दिए गए सीमेंट का भुगतान वसूलने को बाइक से नवाबगंज क्षेत्र के गांव बरखन, मेथी में जाने को कहकर निकला था। देर रात तक घर न लौटने पर परिजनों ने उसके मोबाइल पर संपर्क किया, लेकिन मोबाइल का स्विच ऑफ बताने के कारण बात नहीं हो सकी। सोमवार सुबह तड़के सगीर अहमद की तलाश में उसका भाई अकील और भतीजा सईद बरखन होते हुए मेथी पहुंचे। यहां उन्हें पता चला कि बरखन से होते हुए शाम पांच बजे सगीर मेथी पहुंचा था। सगीर अहमद ने मेथी में ही दुकानदार चरन सिंह गंगवार से 20 हजार का भुगतान भी लिया और इसके बाद कमला तुलसी इंटर कॉलेज के पास चौराहे पर स्थित साईं ट्रेडर्स के स्वामी के पास पहुंचा। इस पर अकील और सईद साईं ट्रेडर्स के स्वामी सोनू यादव के पास पहुंचे और उन्होंने सगीर के बारे में जानकारी ली। इस पर सोनू ने कहा कि सगीर उनसे एक लाख 28 हजार रुपये का भुगतान लेकर शाम छह बजे वापस चला गया। इसके बाद क्या हुआ उसे पता नहीं। इस पर अकील और सईद को शक हुआ तो उन्होंने सोनू यादव की गैराज में खड़ी सफारी गाड़ी में खून के धब्बे लगे देख तो शक गहरा गया। उन्होंने इसकी जानकारी तुरंत क्योलड़िया पुलिस को दी और थाने पहुंचकर गुमशुदगी दर्ज कराई। थानाध्यक्ष राकेश सिंह यादव और उपनिरीक्षक एसके सिंह ने मेथी पहुंचकर दुकानदार सोनू यादव से कड़ी पूछताछ की तो उसने सारा राज खोल दिया। बताया कि उन्होंने सगीर की गोली मारकर हत्या करने के बाद उसका शव पीलीभीत के ही जहानाबाद क्षेत्र के गांव उमरसड़ के खेतिहर इलाके में मुखबीर सिंह के खेत में शव दबा दिया है। इस पर पुलिस सोनू को लेकर मौके पर पहुंची और सगीर का शव बरामद कर लिया। एसओ ने बताया कि सगीर की गाड़ी से हत्या में प्रयुक्त एक नाली बंदूक और एक चले हुए कारतूस का खोखा बरामद हुआ है। पुलिस ने आरोपी सोनू के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है।
सीमेंट कारोबारी सगीर की हत्या सीमेंट विक्रेता सोनू यादव ने अपने घर के अंदर ही की थी। उसने सगीर को घर में बंद करके गोली मारकर हत्या कर दी और राज छिपाने को उसका शव जहानाबाद क्षेत्र के खेत में दबा दिया। पुलिस ने अभी तक पैसा हड़पने को ही हत्या का कारण बताया है। सीमेंट कारोबारी सगीर अहमद की हत्या करने का आरोपी सोनू यादव बुलंद शहर का रहने वाला है और एक शातिर के रूप में चर्चित है। उसका छोटा भाई ट्रैक्टर चोरी के मामले में जेल में है। उसने बुलंदशहर से यहां आकर अकूत दौलत कमाई। अभी हाल में ही उसने जहानाबाद के जिरौनिया में 26 एकड़ जमीन खरीदी। क्षेत्र में भी वह दबंगई से ही रहता है। एसओ राजेश कुमार के मुताबिक सोनू ने कारोबारी की हत्या अपने ऊपर बकाया एक लाख 28 हजार रुपये हड़पने के चक्कर में की है। उसने पैसा देने की बजाए सगीर की हत्या करने के बाद पैसे का भुगतान होना दर्शाकर अपने रजिस्टर में अंकित कर दिया। एसओ ने बताया कि उसका आपराधिक रिकार्ड बुलंदशहर से पता कराया जा रहा है।