पूर्व मंत्री और नवाबगंज विधायक भगवत सरन गंगवार का रोड शो आचार संहिता के उल्लंघन में फंस गया है। बिना अनुमति के रोड शो निकालने पर पुलिस ने पूर्व मंत्री समेत 50-60 अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। उधर, विधायक ने कहा कि रोड शो निकालने का उनका कोई प्लान नहीं था। वह तीन चार लोगों के साथ चले थे। बाद में भीड़ आ गई तो वह क्या कर सकते हैं।
अपने चुनावी जनसंपर्क अभियान में विधायक भगवतसरन गंगवार कस्बे में भ्रमण पर थे। इसी दौरान उनका काफिला बढ़ता गया। भगवत समर्थक हाजी शफी हुसैन खां के आवास पर जमा हुए। इसके बाद मुख्य मार्ग होते हुए मोहल्ला बंजारान, चौपला, नई बस्ती, बगिया, कुरैशनगर और जामा मस्जिद इलाके में रोड शो करते हुए निकले। नगर अध्यक्ष एएन अंसारी की अगुवाई में निकले रोड शो में भगवत सरन गंगवार के साथ ही डॉ. मोइन बेग, हाजी मुख्त्यार अंसारी, सलीम अंसारी, पूर्व प्रधान मो. हारुन अंसारी, प्रधान रफीक अहमद सिद्दीकी, हाजी जमील स्कूल के प्रबंधक फकीर अहमद सिद्दीकी, शारिक खान, हाजी मो. इलियास, अनिल गंगवार, तेजप्रकाश गंगवार, विजय गंगवार, राजू गंगवार, उमेंद्र गंगवार आदि मौजूद थे। प्रशासन को जब रोड शो की भनक लगी तो बिना अनुमति रोड शो निकालने पर कार्रवाई के निर्देश दिए गए। प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार शर्मा ने पूर्व मंत्री समेत 50-60 अज्ञात लोगों के खिलाफ चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन में 171 एच और 188 धाराओं में मुकदमा पंजीकृत कर लिया।
तीन लोग चले थे, कारवां बन गया तो क्या करें
विधायक भगवतसरन गंगवार का कहना था कि रोड शो निकालने की उनकी हैसियत नहीं है। न ही उनकी रोड शो निकालने की कोई योजना थी। फिर इसमें अनुमति लेने या ना लेने का सवाल नहीं उठता। वह तो जनसंपर्क करने के लिए केवल तीन लोगों के साथ ही निकले थे। लोग साथ आते गए तो भीड़ बढ़ गई। इसमें वह क्या कर सकते हैं। जब भी अपने क्षेत्र में चुनावी जनसंपर्क अभियान में निकलते हैं तो भीड़ जमा हो जाती है क्योंकि क्षेत्र के लोग उनको दिल से चाहते हैं।