स्कूल बस में आते-जाते हुए कंडक्टर की छेड़खानी का शिकार बन रही बच्ची कई दिनों से घर पर भी सहमी-सहमी रहने लगी थी। परिवार वालों के कई बार पूछने पर भी उसने इसकी वजह उन्हें नहीं बताई। लेकिन शनिवार को जब उसकी ट्यूशन टीचर ने बच्चों से जब यह पूछा कि कोई उन्हें गलत तरीके से छूता तो नहीं या उनसे गंदी बात तो नहीं करता तो वह उनके सामने खुल गई। मासूम की आपबीती सुनकर उसकी ट्यूशन टीचर हैरान रह गईं। इसके बाद ट्यूशन टीचर ने ही बच्ची के पिता को बुलाकर उन्हें पूरा वाकया बताया।
कंडक्टर की छेड़छाड़ की शिकार हुई बच्ची गंगापुर में ही अपने घर के पड़ोस में कई और बच्चों के साथ ट्यूशन पढ़ने जाया करती है। ट्यूशन टीचर के पूछने पर बच्ची ने उन्हें बताया कि उसकी स्कूल बस का कंडक्टर उसे पकड़कर पीछे की सीट पर बैठा लेता है और उसके साथ ऐसी हरकतें करता है जो उसे अच्छी नहीं लगतीं। अक्सर वह उसके गाल खींचता रहता है। मासूम की आपबीती सुनकर हैरान टीचर ने फौरन फोन करके उसके पिता को बुला लिया। उन्हें बच्ची के साथ होने वाली हरकतों के बारे में बताया।
बच्ची के पिता के सोमवार को राधा माधव स्कूल में कंडक्टर की पिटाई कर दिए जाने के बाद प्रिंसिपल आरसी धस्माना ने बच्ची को अपने कार्यालय में बुलाकर पूछताछ की। बच्ची ने उनके सामने भी वही बातें दोहराईं जो ट्यूशन टीचर को बताई थीं। हालांकि प्रिंसिपल ने बस से जाने वाले अन्य शिक्षकों को बुलाकर पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि बच्ची कुछ नटखट स्वभाव की है। वह बस में हमेशा खेलते हुए स्कूल तक आती है। हेल्पर भी सब बच्चों से घुला मिला है। प्रिंसिपल के सामने भी बच्ची ने कहा कि कंडक्टर उसके साथ छेड़खानी करता था। प्रिंसिपल ने कहा कि अगर तुम हमें बताती तो हम कंडक्टर को ठीक कर देते।
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अपहरण की साजिश का हो चुका है पर्दाफाश
चार दिन पहले ही राधा माधव स्कूल के बच्चों को टाफी, चाकलेट का लालच देकर एक निजी स्कूल के पांचवीं के छात्र के उनसे दोस्ती करने की कोशिशों का मामला सामने आया था। पांचवीं के छात्र ने पुलिस के सामने यह कहकर सभी को चौंका दिया था कि एक हेलमेट लगाए बाइक सवार ने उसको रुपये देकर राधा माधव स्कूल के नर्सरी में पढ़ने वाले दो बच्चों से दोस्ती करने के लिए कहा था। पुलिस अभी तक इस बाइक सवार बदमाश को तलाश रही है। स्कूल स्टाफ ने ही इस बच्चे को परिसर में आते-जाते पकड़ लिया था।
स्कूल में बच्चों से छेड़खानी के पुराने मामले
रामनगर के प्राथमिक स्कूल के शिक्षक ने कक्षा तीन और पांच की छात्राओं को अश्लील फिल्म दिखाकर उनसे छेड़खानी की थी।
मीरगंज में शिक्षिका की मासूम बेटी से साथी शिक्षक ने अश्लील हरकत की थी। रिपोर्ट दर्ज कराकर आरोपी शिक्षक को जेल भेजा गया था।
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लखनऊ तक पहुंचा मासूम से स्कूल बस में छेड़खानी का मामला
पुलिस करा रही थी समझौता, एसएसपी के आदेश पर दर्ज हुई रिपोर्ट
अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। स्कूली बस में तीसरी कक्षा की छात्रा से छेड़खानी का मामला लखनऊ मुख्यालय तक पहुंच गया। इस बीच स्कूल प्रबंधन परिसर के अंदर ही मामला निपटा देने की कोशिश करता रहा। स्कूल में यूपी 100 पहुंचने के बाद मामला थाने तक पहुंचा जहां पुलिस और स्कूल प्रबंधन ने पीड़ित पिता से एक पत्र लिखवा लिया, जिसमें समझौते की बात लिखी गई थी। इसी बीच एसएसपी जोगेंद्र कुमार को यह प्रकरण पता चला तो उन्होंने थाना प्रभारी से पूरे मामले की जानकारी ली और तत्काल एफआईआर दर्ज करने के निर्देश जारी किए।
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कंडक्टर का नहीं हुआ था सत्यापन
स्कूल प्रिंसिपल ने थाने में लिखकर दिया कि कंडक्टर का पुलिस से सत्यापन नहीं कराया जा सका था। उसको एक पुजारी के माध्यम से काम पर रखा गया था, लेकिन सत्यापन नहीं हो सका था। थाना प्रभारी ने कंडक्टर का सत्यापन न करवाने पर नाराजगी जताई।
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पिता की फोटो ---
मासूम के पिता भी सदमे में
बरेली।
पीड़ित बच्ची के पिता भी इस घटना के बाद सदमे में हैं। उनके मुताबिक जब उन्हें ट्यूशन टीचर से वाकये के पता चला तो एकबारगी यकीन ही नहीं आया कि उनकी बेटी के साथ ऐसी हरकत हो सकती है। उन्होंने घर लौटने के बाद जब बच्ची से दोबारा पूछताछ की तो वह रोने लगी, फिर उसने रोते हुए ही अपने साथ होने वाली गंदी हरकतों के बारे में बताया। बेहद शांत स्वभाव के पिता यह बर्दाश्त नहीं कर सके और वह कंडक्टर को सबक सिखाने के लिए स्कूल तक पहुंच गए। उन्होंने बताया कि वह केसरपुर में पूरा वक्त अपनी परचून की दुकान पर रहते हैं। बच्चे की अच्छी परवरिश के लिए उसको गंगापुर में दादा-दादी के पास रखा हुआ है। उन्होंने कहा कि सभी अभिभावकों को अपने बच्चों की सुरक्षा को लेकर विशेष सतर्कता रखनी चाहिए।