फर्नीचर कारोबारी के बेटे ब्लैकमेल कर 28 लाख रुपये वसूलने के एक और आरोपी जंक्शन के पास रहने वाले नौशाद को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। नौशाद जंक्शन के पास ही चाय की दुकान चलाता है। ब्लैकमेलिंग में मिले रुपयों से उसने ढाई लाख रुपये की बाइक खरीदी थी। पुलिस ने बाइक कब्जे में ले ली है।
सिविल लाइंस में आवास विकास कॉलोनी निवासी फर्नीचर कारोबारी गौरव गर्ग ने शुक्रवार को कोतवाली में अपने बेटे हर्षित से 28 लाख रुपये ब्लैकमेलिंग कर वसूलने की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें सुभाषनगर के यश सक्सेना, मनीष जायसवाल, अंकित तिवारी, सनी गोस्वामी, बीडीए कॉलोनी करगैना के अभिषेक सोलंकी, नेकपुर के शिवम पटेल, मढ़ीनाथ के पारितोष सक्सेना, शुभम उपाध्याय, पूर्व छात्र नेता चौपुला के रवि गोला, पुराना शहर के दानियल खान और रेलवे स्टेशन के नौशाद को आरोपी बनाया गया था। इन सभी ने हर्षित से दोस्ती कर छोटे भाई के अपहरण और पिता की हत्या का खौफ हर्षित के मन में बैठा दिया। इनसे डरकर हर्षित ने घर से धीरे-धीरे 28 लाख रुपये ले जाकर उन्हें दे दिए। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने सीबीसीआईडी में सिपाही के बेटे शिवम पटेल को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। इसके बाद रविवार को उसके दूसरे साथी जंक्शन के पास रहने वाले चाय विक्रेता नौशाद को भी गिरफ्तार कर लिया। नौशाद के कब्जे से करीब ढाई लाख रुपय कीमत की रेसिंग बाइक ड्यूक भी बरामद की गई है। कोतवाली इंस्पेक्टर गीतेश कपिल ने बताया कि चार लाख रुपये शिवम पटेल के हिस्से में आए थे, जिनमें से दो लाख रुपये में उसने दिल्ली से सेकेंड हैंड रेसिंग बाइक ड्यूक खरीदी थी। जब शिवम की गिरफ्तारी हुई तो यह बाइक नौशाद के पास ही थी और वह इसे चला रहा था। अब पुलिस इस मामले में वसूले रुपयों से खरीदी दो कार, एक बाइक एवं अन्य आरोपियों की तलाश कर रही है।