बिहारमान नगला में तीन दिन पहले आठ साल की मासूम सानिया की गला दबाकर हत्या करने के बाद खून से सने हाथ धोकर सद्दाम फिर से भीड़ में आकर शामिल हो गया था। पुलिस ने सद्दाम ने अपनी महिला मित्र को खुश करने के लिए यह कदम उठाया है। पुलिस को उसके खिलाफ परिस्थितिजन्य साक्ष्य तो मिले हैं, लेकिन उसने घटना को कुबूल नहीं किया। पुलिस ने खुलासा होने का दावा करके सद्दाम को जेल भेज दिया है। जबकि जिला अस्पताल में मेडिकल के दौरान बेहोश होने पर चौकीदार की पत्नी तारा बी को दवा दिलाने के बाद महिला थाने की पुलिस के हवाले कर दिया।
कोतवाली में सानिया की हत्या का खुलासा करते हुए एसपी सिटी समीर सौरभ ने बताया कि शुक्रवार को सानिया की हत्या के बाद दो लोगों ने सद्दाम को बिल्डर दीपक सब्बरवाल के निर्माणधीन मकान से भागते देखा था। तारा बी उस समय अपने घर से बाहर बैठी हुई थी। तारा बी अपनी बेटी के विवाद होने के बाद से सानिया को रास्ते से हटाने के लिए प्लानिंग कर रही थी। मोहल्ले के कई लोगों से उसने कहा था कि सानिया मुझे अच्छी नहीं लगती है। सद्दाम से संबंधों का फायदा उठाकर तारा बी ने उसी को सानिया को रास्ते को हटाने के लिए इस्तेमाल किया। तारा बी से पहले सद्दाम ने उसके घर में एंट्री करने के लिए उसके पति से दोस्ती की थी। घटना के दिन सुबह दस बजे सद्दाम शुल्पा पीने के लिए घर से निकाला। बारह बजे वह बिहार कला से बाग से अपने घर की तरफ चला तो रास्ते में तारा बी अपने मकान के बाहर बैठी मिल गई। उस समय सानिया नबी अहमद के खोखे से शैम्पू और गुटखा लेकर आ रही थी। तारा बी ने सद्दाम को बताया तो वह रास्ते से उसे पकड़ने के बाद दीपक सब्बरवाल के निर्माणधीन मकान में ले गए। मकान में ले जाने के बाद सानिया को ईंट पर पटकने के बाद रस्सी से गला दबा दिया। हत्या के बाद घर की महिलाओं को रोककर खुद जल्दी के नहाने घर से फिर बिहारमानगला की तरफ नमाज पढ़ने को कहकर चला गया। मस्जिद में लोगों ने उसे वजू करते हुए देखा था। डॉग स्क्वाड भी वहीं तक गया था। अभियुक्तों की निशानदेही पर अपने घर से घटना के समय पहनी गई शर्ट बरामद कराई है। खून के निशानों और नारियल की रस्सी के रेशे लगी शर्ट को जांच के लिए फोरेंसिक लैब भेजा गया है। आरोपी कई छोटे अपराधों में जेल भी जा चुका है।
कुछ सवाल तो रह गए
घटना के खुलासे में अभी कई पेंच हैं। आरोपी जुर्म कुबूलने के बजाए प्रेस कांफ्रेस से बाहर आते ही मुक र गया। कहने लगे मुझे बिना वजह फंसाया जा रहा है। सवाल यह भी है कि सद्दाम कातिल है तो पुलिस उससे सच क्यों नहीं उगलवा पाई। उसने सानिया को इतनी सी बात पर क्यों मार दिया। सानिया की जिस तरह से हत्या की गई है। यह मामूली इंसान नहीं कर सकता है।
ईश्वर का शुक्र है बच गए
मासूम सानिया की हत्या का खुलासा होने के बाद बाबू खां के किराए अबीद अहमद, ताहिर के बेटे आमिर हुसैन के अलावा चौकीदार इदरीश और सौरभ मिश्रा को पुलिस ने रिहा कर दिया। अबीद की पत्नी ने पति के छूटने के बाद कहा ईश्वर का शुक्र है, उसके पति बच गए। इसी तरह आमिर की मां ने भी थाने से छूटकर आए बेटे को घर आते ही गले लगा लिया। इदरीश पत्नी से मिलने के लिए महिला थाने गया।
इस टीम ने खुलासा किया
सीओ तृतीय एएसपी आकाश तोमर की अगुवाई में एसएसआई नरेश कुमार, एसआई गजेंद्र सिंह, पवन सिंह, विनोद कुमार मिश्रा, एसआई रजा अहमद, सिपाही सरकार अली, अनुपम कुमार और हैदर अली ने घटना का खुलासा करने में अहम भूमिका निभाई।