फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पावर एंजिल्स बोलीं मैडम! बहुत पावरफुल हैं शराब माफिया

Wed, 29 Mar 2017 01:37 AM IST
बरेली
विज्ञापन
girls
विज्ञापन
मीना मंच के कुछ छात्राओं को सशक्त बना रहा है, ताकि वे  अपनी बात कह सकें। मंगलवार को एंटी रोमियो स्क्वायड की इंचार्ज महिला आईपीएस रवीना त्यागी इन छात्राओं से मिलने पहुंची। उन्होंने दिक्कत पूछीं तो  एक छात्रा तो अपनी बात बताते- बताते रो पड़ीं। कहा कि शराब की वजह से उनका घर बर्बाद है। पिता और भाई आए दिन पीटते हैं, स्कूल तक नहीं जाने देते। यिह भी बताया कि आपकी पुलिस शराब बनाने वालाें से मिली हुई है। 
विज्ञापन

मीना मंच के तहत बेसिक शिक्षा परिषद के जूनियर हाईस्कूलों में ट्रेनिंग चल रही है कि उनके क्या- क्या अधिकार हैं। मंगलवार को ट्रेनिंग कार्यक्रम का समापन था। बालिका शिक्षा की जिला समन्वयक इंद्रेश सिंह ने रवीना त्यागी को न्योता दिया, ताकि वे बच्चों से बातचीत कर सकें। कार्यक्रम में ट्रेनर नमृता गुप्ता, प्रिया मिश्रा, वंदना शर्मा, साहिबा, सपना पांडे, अर्चना शर्मा, एबीआरसी डॉ. अनिल चौबे, डीडी गंगवार, आशू अदि मौजूद थे।  
इस तरह शुरू हुई चर्चा...
45 मिनट पावर एंजिल्स के साथ रहीं रवीना त्यागी ने सही गलत की पहचान बताई और आवाज उठाने को कहा। उन्होंने बच्चों से पुलिस के बारे में राय पूछी। बच्चियाें ने पहले तो कहा पुलिस वाले सोते नहीं हैं। हमारी रक्षा के लिए डटे रहते हैं और वे भी पुलिस में आना चाहती हैं। रवीना बोलीं, अगर पुलिस की कोई बुराई है तो वह भी बताओ। बच्चियां चुप हो गई। रवीना ने कहा, अच्छा कोई ऐसी चीज बताओ जिसे आप आज से ही रोक देना चाहती हो। तो एक छात्रा ने बताया कि बालिकाओं के एडमिशन स्कूलों में करवा दो। इतने में बहेड़ी की एक पावर एंजिल खड़ी हुई और बोली कि शराब रुकवा दीजिए। रवीना ने आगे पूछा तो बच्ची रो पड़ी। कहा कि उनके घर के पास बनने वाली कच्ची शराब की वजह से घर में पिता और भाई रोज लड़ते हैं। मार पीट हो जाती है। पड़ोस में झगड़े होते हैं, कभी- कभी तो खून खराबा भी हो जाता है। इतने में अन्य ब्लाक की छात्राएं भी शराब के विरोध में बोल पड़ी और यह एक मुद्दा बन गया। 
विज्ञापन

यूनिफार्म में मत आएं, मैम 
रवीना त्यागी ने रोने वाली एक बच्ची को अपने पास बुलाया और कुर्सी पर बैठा लिया। उन्होंने कहा कि मैं आपके गांव आऊंगी। इतने में बच्चियां बोली कि मैम यूनिफार्म में मत आइएगा। पुलिस वाले शराब बनाने वालाें से मिले हुए हैं। खबर मिल जाएगी और वे सामान छिपा देंगे। कुछ बालिकाओं ने कहा कि गाड़ी से मत आना, पैदल आना। इसके बाद फिर बच्चियां रवीना मैडम से इतना घुलमिल गई कि उन्होंने अपने गांव में शोहदों के ठिकाने तक गिना दिए। रवीना ने सबकी समस्या नोट की और शोहदों के ठिकानों पर छापा मारने का आश्वासन दिया। 
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें