कैंट के क्यारा गांव में किशोरी की मौत के मामले में पुलिस ने छानबीन शुरू कर दी है। सीओ चतुर्थ का कहना है कि जांच में अब तक ऐसा कोई तथ्य नहीं मिला कि जिससे ऑनर किलिंग की पुष्टि हो सके। वहीं घरवालों ने भी किशोरी की मौत बीमारी से होना बताते हुए एक व्यक्ति पर प्रधानी के चुनाव में वोट न देने पर इसे ऑनर किलिंग की अफवाह उड़ाकर फंसाने की साजिश रचने का आरोप लगाया है।
कैंट के गांव क्यारा में एक व्यक्ति की सोलह वर्षीय बेटी की रविवार रात संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। सोमवार सुबह उसका गांव के पास ही खेत में अंतिम संस्कार किया गया। जिसे कुछ लोगों ने प्रेमी से मिलने पर ऑनर किलिंग होने की बात कही। सूचना पर कैंट इंस्पेक्टर बृजेश सिंह भी मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक चिता जल चुकी थी। इंस्पेक्टर ने गांव में छानबीन की तो ऑनर किलिंग से संबंधित कोई तथ्य नहीं मिला। वहीं लड़की के माता पिता का कहना है कि उनकी बेटी को लंबे समय से दौरे पड़ते थे। जिसका उपचार करने वाले डॉक्टर के लिखे पर्चे भी पुलिस को दिखाए गए। घरवालों का कहना है कि दौरा पड़ने से ही उनकी बेटी की मौत हो गई। जिसका उन्होंने अंतिम संस्कार कर दिया, लेकिन गांव के एक व्यक्ति ने प्रधानी के चुनाव में वोट न देने की रंजिश में उन्हें फंसाने के इरादे से बेटी को प्रेमी से मिलने की बात पर मारने की अफवाह फैला दी। इस बारे में सीओ चतुर्थ संतोष कुमार का कहना है कि अब तक की जांच में आनर किलिंग से संबंधित कोई बात सामने नहीं आई है। लड़की किस लड़के से मिलने गई थी, इसका भी पता नहीं लग सका है और न ही कोई गांव वाला इस बारे में बताने को तैयार है।