नर्स से सामूहिक दुष्कर्म की सनसनीखेज वारदात क्राइम ब्रांच के सदस्य बनकर लूट की वारदात करने वाले जीतू कश्यप गिरोह ने अंजाम दी। पुलिस कस्टडी में बदमाश ने कबूल किया कि रात में नर्स को रोका तो लूटने के मकसद से था, लेकिन रास्ते में सन्नाटा देखकर नर्स को झाड़ियों में खींच ले गए और फिर सामूहिक दुष्कर्म किया।
पुलिस के हत्थे चढ़ने के बाद खुलासा हुआ कि जीतू महानगर में एक महिला से लूट के मामले में जिला जेल में बंद था। दो महीने पहले ही वह जमानत पर बाहर आया और केस की पैरवी के लिए रुपयों की जरूरत पूरी करने के लिए गिरोह बनाकर दोबारा लूटपाट करने लगा। जीतू रहने वाला तो संजयनगर का है, लेकिन वह पुलिस से बचने के लिए सौ फुटा रोड पर एक रिटायर्ड सीओ के घर में कमरा किराये पर लेकर रहने लगा था। यहीं से गुरुवार को पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया। बाद में उसके दो साथियों को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
यूपी-100 पुलिस ने मोबाइल पर ली थी बदमाशों की फोटो
वारदात के बाद जीतू अपने साथियों के साथ स्कूटी पर से दोहरा रोड होकर लौट रहा था। घटनास्थल के पास यूपी-100 की एक पीआरवी वैन मौजूद थी। पुलिस ने रात में एक स्कूटी पर तीन लोगों को सवार देखकर चेकिंग के लिए रोका था। पूछताछ करने पर जीतू ने दोस्त से मिलकर लौटने की बात कही थी। इस दौरान पीआरवी पुलिस ने रिकार्ड के लिए मोबाइल से उनकी तस्वीर ले ली थी।
नर्स ने फोटो देखते ही दरिंदों को पहचान लिया
नर्स के थाने में शिकायत करने के बाद पुलिस ने बुधवार रात उस एरिया में तैनात रही पीआरवी वैन से रात में चेकिंग के दौरान ली गईं लोगों की फोटो मांगी। पुलिस ने फोटो का पुराने बदमाशों के रिकार्ड से मिलान किया तो जीतू कश्यप की पहचान हो गई। इसके बाद पीड़िता को जीतू सहित अन्य बदमाशों की तस्वीरें दिखाई गईं तो उसने भी सभी को पहचान लिया। इसके बाद बदमाशों की लोकेशन ट्रेस की गई।
पहले भी महिला को लूटने के बाद किया था दुष्कर्म
जीतू के गिरोह ने इज्जतनगर थाना क्षेत्र के महानगर में एक महिला के घर पर उसके पति का एक्सीडेंट हो जाने की सूचना दी थी। तब बदमाशों ने खुद को क्राइम ब्रांच का बताया था। महिला साथ आई तो उसे सन्नाटे में ले जाकर स्कूटी और नकदी लूट ली और फिर दुष्कर्म किया। इस मामले में पुलिस ने बदमाशों को पकड़कर जेल भेजा था। जीतू गिरोह ने कई मोबाइल लूट और चेन स्नेचिंग की वारदात भी की है। गिरफ्तारी के बाद बारादरी और इज्जतनगर थानों की पुलिस ने बदमाशों से लंबी पूछताछ की।