शादी के छह माह बाद ही दहेज की खातिर पत्नी की हत्या करने के आरोपी पति को अदालत ने उम्र कैद की सजा सुनाई। आरोपी सास को भी दोषी करार दिया गया है। उसकी सजा पर सुनवाई 5 मार्च को होगी। यह आदेश अपर सत्र न्यायाधीश फास्ट ट्रैक कोर्ट प्रथम अजय सिंह ने किया।
घटना की रिपोर्ट गांव बसई थाना शाही के रहने वाले मृतका के पिता राम प्रकाश ने थाना शीशगढ़ में दर्ज कराई। रिपोर्ट में कहा कि उसने अपनी बेटी विनीता देवी की शादी 24 फरवरी 14 को थाना शीशगढ़ के गांव बरगंवा के रहने वाले दिनेश से की थी। इस शादी में उसने 10 लाख रूपए खर्च किए थे । लेकिन विनीता के ससुराल वाले इससे खुश नहीं थे।
ससुराल वालों ने पति दिनेश कुमार को जी एन एम का कोर्स कराने के लिए 4 लाख रूपए की मांग की । वादी ने जब यह रकम देने में असर्मथता दिखाई तो इन लोगों ने विनीता को प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। उसे कई कई दिन तक भुखा प्यासा रखा गया । बेटी की परेशानी देख कर वादी ने 9 अगस्त 14 को 2 लाख रूपए और दे दिए। ससुराल वाले इससे भी खुश नहीं हुए और विनीता को प्रताड़ित करना जारी रखा। 11 अगस्त 14 को रात में किसी वक्त विनीता के ससुराल वालों ने उसकी बेटी की हत्या कर दी और उसके शव को फंदा बनाकर टांग दिया। गांव के किसी व्यक्ति ने फोन पर बताया कि विनीता की हत्या कर दी गई है। वादी और परिवार के लोग जब बरगंवा पहुंचे तो किवाड़ का बाहर से कुंडा लगा हुआ था और मृतका के ससुराल वाले फरार थे। कोर्ट में अभियुक्त दिनेश कुमार और उसकी मां भूपदेई के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया गया।
अभियोजन की ओर से सरकारी वकील के एम खान ने कुल सात गवाह पेश किए। अपने फैसले में अदालत ने कहा कि वर्तमान परिस्थितयों में जबकि महिलाओं पर अत्याचार काफी बढ़ गया है और सरकार को एक नया घरेलू हिंसा कानून बनाना पढ़ा है । मृतका की हत्या गला घोंट कर की गई है तो अभियुक्त दिनेश को कम सजा देने से समाज में इसका विपरीत प्रभाव पडे़ेगा। । अभियुक्त दिनेश को अदालत ने उम्र कैद की सजा सुनाई और 40 हजार रूपए का जुर्माना भी लगाया । सास भूप देई को भी दोषी ठहराया गया लेकिन वह आज अदालत में हाजिर नहीं हुई । उसकी ओर से हाजरी माफी दाखिल की गई । अदालत ने सजा के बिंदु पर भूपदेई का पक्ष सुनने के लिए आगामी 5 मार्च की तारीख तय की है