शादी के आठ दिन बाद ही ठगनी दुल्हन ने अपना असली रूप दिखा दिया। दूल्हा और उसके घरवाले शुक्रवार रात को सोते रहे और दुल्हन घर से माल जेवर के साथ पंद्रह हजार की नकदी समेट ले गई। घरवाले जब सुबह उठे तो हक्के-बक्के रह गए। पुलिस ने दुल्हन का अपने को भाई बताने वाले एक युवक के साथ ही एक कथित रिश्तेदार को हिरासत में लिया है। इसके अलावा पुलिस उनके अन्य साथियों की तलाश में जुटी है।
घटना हाफिजगंज के गांव सावरखेड़ा की है। यहां की रहने वाली सोमवती ने बताया कि उसके दो बेटे फूल सिंह और छोटे की शादी हो चुकी है, जबकि तीसरे बेटे हरीश की शादी के लिए प्रयास कर रही थी। पड़ोस के ही गांव चेना निवासी नन्हूकी ने अपने परिचितों में एक लड़की बताई। उसने कहा कि लड़की गरीब है। उसकी तरफ से होने वाला 40 हजार का खर्च भी देना होगा, तब शादी करवा देंगे। सोमवती ने बताया कि इस पर वह राजी हो गई। बात तय हो जाने पर नन्हूकी राजेश नाम के एक युवक को अपने साथ लेकर आया, जिसको उसने लड़की का भाई बताते हुए उसे 40 हजार रुपये दिलवा दिए। सोमवती ने बताया कि उन्होंने जब लड़की दिखाने की बात कही तो नन्हूकी ने कहा कि वह शादी की तैयारी करें, लड़की दिखा दी जाएगी। शादी की 29 मार्च तारीख तय कर दी गई। बातचीत के बाद लड़की को अपना भाई बताने वाला राजेश, मौसा नन्हूकी और कथित रिश्तेदार संतोष हरीश का तिलक करने भी पहुंच गए। तिलक के बाद 28 मार्च को बनखंडी नाथ मंदिर में लड़की को भी दिखा दिया। अगले दिन 29 मार्च को परिवार के 16, 17 लोग मंदिर पहुंच गए। यहां एक लड़की से हरीश की शादी करा दी गई। सप्ताह भर रहने के बाद दुल्हन शुक्रवार रात हरीश और उसके परिवार के सोने के बाद घर से माल जेवर समेट कर ले गई। शनिवार सुबह दुल्हन को मय माल जेवर के गायब देख सबके होश उड़ गए। सोमवती की तहरीर पर पुलिस ने जांच शुरू कर दी। बारादरी के जोगी नवादा के रहने वाले राजेश नाम के युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी गई।
शादी कराने वालों की मदद से भागी दुल्हन
हिरासत में लिए गए राजेश ने बताया कि शुक्रवार रात वह लोग माल जेवर लेकर भागने में दुल्हन की मदद करने गांव पहुंच गए थे। फोन से संपर्क करते हुए रात में वह नन्हूकी, मोहनलाल, ओमनी, कार का चालक शब्बीर कार लेकर गांव के बाहर खड़े रहे और दुल्हन माल समेटने के बाद उनके पास आई और गाड़ी में बैठकर रफूचक्कर हो गई।
यह माल जेवर समेट ले गई दुल्हन
दूल्हे की मां सोमवती ने बताया कि दुल्हन अपने साथ सोने के जेवर टीका, झुमकी, हाथ के कंगन, व चांदी की कमर बिछुआ, हाथफूल, गुलशन पटटी, 15 हजार रुपये ले गयी है।
छब्बीस सौ रुपये में दुल्हन का भाई बन गया राजेश
हिरासत में लिया गया राजेश लड़की का सगा भाई नहीं है। बताया जाता है कि वह शादी कराने के नाम पर ठगी करने वाले गैंग का सदस्य है। वह 2600 रुपये में हरीश के साथ शादी करने वाली लड़की का भाई बना था। यह बात उसने पुलिस की पूछताछ में खुद स्वीकार की है।
शाम को ही विदा कराने पहुंच गए थे फर्जी रिश्तेदार
29 मार्च को दिन में शादी कराने के बाद लड़की के फर्जी रिश्तेदार बने नन्हूकी, राजेश आदि शाम को ही हरीश के घर विदा कराने के लिए पहुंच गए थे, लेकिन परिवार वालों ने एक दो दिन रहने की बात कहकर विदा नहीं किया था। इसके बाद लड़की ने फर्जी रिश्तेदारों से फोन पर संपर्क कर माल जेवर लेकर भागने की योजना बनाई।
शादी के नाम पर ठगी करने के मामले की तहरीर मिलने पर मामले की जांच की जा रही है। दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य पाए जाएंगे कार्रवाई की जाएगी।
रुकुम सिंह, प्रभारी निरीक्षक हाफिजगंज