साइबर ठग अब ठगी का नया पैतरा आजमा रहे हैं। आधार लिंक और एटीएम ब्लॉक का झांसा देने के बजाय लोगों को फोन करके एटीएम में वायरस आने की बात कहकर डरा रहे हैं। ठग खुद को बैंक अधिकारी बताकर एंटी वायरस साफ्टवेयर से स्कैन कराने का सुझाव देकर एटीएम के गोपनीय नंबर और पिन कोड हासिल कर लेते हैं। शुक्रवार को साइबर ठगों ने इसी तरह एक रिटायर्ड दरोगा के खाते से 92 हजार और एक शिक्षिका के खाते से 26 हजार ठग लिए। एसपी क्राइम ने दोनों प्रकरण साइबर सेल को जांच के लिए सौंपे हैं।
वीरसावरकरनगर के रिटायर्ड दरोगा शशि अवस्थी ने शुक्रवार को एसएसपी कार्यालय में एसपी क्राइम रमेश भारतीय से 92 हजार की ठगी की शिकायत की। बताया शुक्रवार सुबह उन्हें फोन करके किसी व्यक्ति ने खुद को एसबीआई बैंक का मैनेजर बताते हुए कहा कि उनके एटीएम में वायरस आ गया है। इससे पहले कि आपका एटीएम ब्लॉक हो जाए। एटीएम को स्कैन करा लें। उनके कोड बताने के कुछ देर बाद ही रकम विद ड्रा के मेसेज आने लगे।
इसी तरह सुभाषनगर की एक प्राइवेट स्कूल की शिक्षिका शालिनी शुक्ला को भी साइबर ठगों का फोन आया, जिसमें एटीएम पर वायरस अटैक का झांसा दिया गया। शिक्षिका ने घबड़ाकर एटीएम की जानकारी साझा कर ली। कुछ देर में तीन किस्तों में उनके खाते से 25 हजार रुपये निकल गए थे। उन्होंने एसपी क्राइम रमेश भारतीय को तहरीर सौंपी है।