अभी बरसात आई नहीं है लेकिन नाले की गंदगी न हटाए जाने से समस्या सामने आने लगी है। संजयनगर इलाके में कूड़ा भरा होने से नाले का पानी सड़क पर आ गया है। यहां लोगों गंदे पानी से बचकर निकल रहे हैं। वहीं वंशीनगला में घराें के आसपास पानी भरा है। इलाके के लोगाें का कहना है कि दो साल से यही स्थिति है। बिना बारिश ये हाल है, जब बारिश होती है तो घराें में भी पानी घुस जाता है।
वंशीनगला वार्ड की गली में राजेंद्र मौर्य से लेकर टीकाराम तक जलभराव रहता है। गली की लंबाई करीब 120 मीटर की है। नगर निगम में दो बार शिकायत के बाद भी कोई सफाई करने नहीं आता है। स्थिति ये है कि पानी की वजह से संक्रामक बीमारियां तो फैलती ही हैं साथ ही मच्छर भी पैदा होते हैं। यहां रहने वाले सुषमा देवी, ममता, नीलम, प्रीति, माया, संजीव, पार्वती, मिथलेश, राजेश, कमलेश कश्यप व अन्य ने बताया कि नाली का पानी खाली प्लाटों में भी भर जाता है।
संजयनगर के लोग भी परेशान
संजयनगर में शमशान भूमि से पीलीभीत बाईपास की तरह मुख्य मार्ग पर पड़ने वाले नाले की वजह से यहां के लोग परेशान है। नाले में कूड़ा भरा हुआ है। इसे साफ नहीं कराया जा रहा है। नाले का पानी सड़क पर आ गया है। इलाके के बृजेश पांडे ने बताया कि नगर निगम के सुपरवाइजर को सूचना दी गई है लेकिन उनकी ओर से बताया गया कि सफाई की व्यवस्था नहीं हो पा रही है। यहां रहने वाले सागर कश्यप, रूप किशोर, वीरेंद्र कुमार, सूरज, अनुज अग्रवाल, विजित कुमार ने बताया कि अभी बारिश से पहले ही नाला उफनाने लगा है। इसके चलते कई गलियाें में पानी भरने की शुरूआत हो गई है।
चलो शुरू हुई नाले की सफाई
नाले सफाई को लेकर बैठक हो चुकी है। 40 लाख रुपये से अधिक का बजट इसके लिए तय किया गया है। लेकिन अभी तक सफाई अभियान की तिथि तय नहीं की गई है। हालांकि समस्या बढ़ने से पहले ही नगर निगम ने कुछ नालाें की सफाई शुरू कर दी है। बियावान कोठी और किशोर बाजार की ओर पड़ने वाले नाले की सफाई शुक्रवार को मशीन से की गई। कर्मचारियों ने सिल्ट निकालकर नाले को साफ किया।