किसान का पैसा वापस न कराने के चलते डीएम की कार कुर्क करके उन रुपयों की वसूली की जाएगी। यह आदेश अपर सिविल जज सीनियर डिवीजन ने किया।
तहसील मीरगंज के गांव शंखपुर में रहने वाले वीरेंद्र कुमार ने बैंक ऑफ बड़ौदा की शाखा फतेहगंज पश्चिमी से खेती के लिए एक लाख रुपये लोन लिया था। वह उसको अदा नहीं कर सका। वर्ष 2002 में बैंक के रुपये न चुका पाने की वजह से वीरेंद्र की जमीन नीलाम कर दी गई। यह जमीन उसी तहसील के गांव मीरापुर निवासी धर्मेंद्र कुमार ने खरीद ली। मगर धर्मेंद्र के नाम बैनामा होने से पहले ही वीरेंद्र कुमार ने बैंक के रुपये जमा कर दिए। इसके बाद जमीन उसे वापस मिल गई। मगर धर्मेंद्र द्वारा जमा किए गए रुपये उसे वापस नहीं मिले। धर्मेंद्र ने रुपये वापसी के लिए कोर्ट में मुकदमा कर दिया। कोर्ट ने वर्ष 2016 में उसके रुपये वापस करने का आदेश कर दिया लेकिन अब तक उस पर अमल नहीं हो पाया था। अब कोर्ट ने डीएम की गाड़ी कुर्क करके रुपये वसूलने का आदेश दिया है। धर्मेंद्र कुमार के अधिवक्ता अशोक कुमार ने बताया कि मुकदमा वर्ष 2012 में दायर किया था। वसूली के लिए डीएम की इनोवा गाड़ी की कुर्की का आदेश कोर्ट ने पारित किया गया है।