27 एलकेएच 22, 23
कर्ज में डूबे किसान
ने लगाई ली फांसी
- गांव के ही सूदखोरों का था 20 लाख रुपये का कर्ज
- किसान कपिल पर बैंकों का भी 5.5 लाख बकाया था
अमर उजाला ब्यूरो
धौरहरा खीरी।
सूदखोरों के कर्ज में डूबे कोतवाली क्षेत्र के गांव सोहरिया निवासी किसान कपिल वर्मा (45) ने बुधवार को अपने ही बाग में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घरवालों का कहना है कि कपिल पर गांव के ही सूदखोरों का करीब 20 लाख रुपये बकाया था। सूदखोर उस पर लगातार रकम चुकाने का दबाव बना रहे थे। इससे वह कई दिनों से चिंतित था। इसी के चलते कपिल ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली।
घरवालों ने बताया कि कपिल वर्मा ने गांव के ही कई सूदखोरों से करीब 20 लाख रुपये का कर्जा ले रखा था। इसके अलावा लखाही स्थित पीएनबी शाखा और साधन सहकारी समिति रमियाबेहड़ को मिलाकर साढ़े पांच लाख रुपये का कर्ज है। घरवालों का आरोप है कि कर्ज अदा करने के लिए सूदखोर कई दिनों से कपिल पर पैसा देने का दबाव बना रहे थे। पर्ची न आने से गन्ने की आपूर्ति भी नहीं हो पा रही थी। सूदखोरों के लगातार दबाव बनाने से कपिल वर्मा कई दिनों से डिप्रेशन में थे।
बुधवार की सुबह करीब आठ बजे वह खेत पर जाने की बात कहकर घर से निकले थे। शाम तक जब घर नहीं पहुंचे तो परिवार के लोगों ने उनकी तलाश की। तलाश के दौरान गांव के निकट ही उनके ही बाग में एक पेड़ से कपिल का शव लटकता मिला। शव मिलने की सूचना पर परिवार के लोग मौके पर पहुंच गए। शव रस्सी के सहारे लटकता देख चीखपुकार मच गई। बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ मौके पर पहुंच गई। सूचना पर शाम करीब सात बजे पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की तैयारी कर रही है। एसएसआई हरिओम श्रीवास्तव ने बताया कि परिवार के लोग कर्जा होने और सूदखोरों के परेशान करने पर आत्महत्या करने की बात कह रहे हैं। अभी कोई तहरीर पुलिस को नहीं मिली है। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जा रहा है। घर वाले जो तहरीर देंगे। उसी के आधार पर रिपोर्ट दर्ज की जाएगी।
कर्ज में डूबे होने के कारण आत्महत्या करने की बात सामने आ रही है। पूरे मामले की जांच कराई जाएगी। जो दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई होगी।
- घनश्याम त्रिपाठी, एसडीएम धौरहरा