बरेली। राजेंद्रनगर निवासी रितु गुरुवार दोपहर एसएसपी दफ्तर पहुंचीं। वहां बताया कि उनका पति से विवाद चल रहा है। बेटे के साथ वह पति से अलग रहती हैं। कोर्ट में भरण पोषण भत्ते की अर्जी दी थी। इस पर कोर्ट ने भी चार हजार रुपये प्रतिमाह गुजारा भत्ता देने का आदेश दिया है जिसे पति नहीं दे रहा। उन्हें जानकारी मिली है कि आज पति आर्यसमाज मंदिर कुतुबखाना में दूसरी शादी करने जा रहे हैं। पति की दूसरी शादी रुकवाई जाए वर्ना उसके और उसके बच्चे का भविष्य खतरे में पड़ जाएगा। एसएसपी के आदेश पर प्रेमनगर इंस्पेक्टर बलवीर सिंह महिला के साथ बताई गई जगह पर पहुंचे तो शादी का कोई आयोजन नहीं था। फिर आरोपी के पैतृक घर जाकर जानकारी ली तो पता लगा कि वह काफी समय पहले ही मकान बेचकर दिल्ली में रहने लगा है। उसके परिवार से जुड़े लोगों ने इंस्पेक्टर को कुछ कागजात सौंपे। इनसे पता लगा कि महिला ने पहली शादी और बच्चे की जानकारी छुपाकर नाम बदलकर उससे दूसरी शादी की थी। इस बात पर जब पति ने एतराज जताया तो उसने उत्पीड़न का केस कर दिया। इंस्पेक्टर ने बताया कि आरोप निराधार निकला।