फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

सैलानी में गोकशी पकड़े जाने के बाद शुरू हुआ पुलिस का खेल

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
बरेली। सैलानी इलाके में पुलिस के छापे में बड़े पैमाने पर गोमांस के साथ गोवंशीय पशुओं की 92 खालें बरामद होने के बाद पुलिस ने यहां मीट कारोबारियों पर दबाव बढ़ा दिया है। हालांकि आरोप यह भी लग रहा है कि पुलिस ने इस घटना की आड़ में वसूली का पूरा खाका तैयार कर लिया है। मीट कारोबारियों का ही कहना है कि इलाके में पुलिस की साठगांठ से गोवंशीय पशुओं का कटान चलता है। मगर बृहस्पतिवार को एजाज करीम के घर से 92 गोवंशीय पशुओं की खालें मिलने के बाद पुलिस की अवैध वसूली अचानक बढ़ गई है।
बारादरी पुलिस ने सैलानी में सूचना पर एक मकान पर छापा मारा था। पुलिस को यहां से बड़े पैमाने पर गोमांस और खालें मिलीं। पुलिस ने यहां से न सिर्फ इस मकान में मौजूद लोग, बल्कि आसपास के लोगों को भी पकड़ा था। पकड़े गए दो तस्करों को एक आटो से थाने की तरफ भेजा गया था लेकिन थाने के गेट के अंदर दाखिल होते एक तस्कर भाग निकला था जिसे पुलिस पकड़ भी नहीं पाई। शुक्रवार को पुलिस ने एजाज करीम को कोर्ट में पेश करके जेल भेज दिया। भागे हुए अब्दुला और इमरान की तलाश में टीमें लगाई गई है। इंस्पेक्टर वेदप्रकाश ने बताया कि एरिया में गोवंशीय पशुओं की कटान में संलिप्त लोगों की धरपकड़ के लिए टीमों को लगाया गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन


पीएफए ने पुलिस को बताया जिम्मेदार, मेनका को सूचना दी
 सैलानी में बड़ी संख्या में गोवंशीय पशुओं के कटान का मामला केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी तक पहुंचा है। उन्होंने पीएफए को अवैध कटान के इलाकों और संदिग्ध लोगों की लिस्ट भेजने के निर्देश दिए हैं। पीएफए के मुताबिक फरीदपुर, भुता, भोजीपुरा, बहेड़ी, नवाबगंज के दर्जनों गांवों में गोवंशीय पशुओं का कटान होता है। खाकी और खादी के संरक्षण में यह काला कारोबार चल रहा है। सैलानी में इस काले धंधे का खुलासा होने के बाद मेनका गांधी ने नाराजगी जताई है। इसके बाद पीएफए के रीजनल अध्यक्ष सतीश यादव ने पशु तस्करी न रुकने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें