बरेली। भुता के गांव में अर्जुन (21) की लाठियों से पीटकर हत्या के मामले में प्रेमप्रसंग की रंजिश सामने आ रही है। रंजिश की बात वादी पक्ष भी स्वीकार कर रहा है पर प्रेमप्रसंग को लेकर परिवार अंजान बन रहा है। गांव में इसकी खासी चर्चा है।
अर्जुन के मौसी के घर जाकर लड़की से मिलने पर लड़की पक्ष को खासा एतराज था। बताया जा रहा है कि लड़की पर पाबंदी के साथ ही अर्जुन को भी इस गांव में न आने को लेकर चेतावनी दी गई थी। बावजूद उसका आनाजाना जारी रहा। पंद्रह दिन पहले केसरपुर की बाजार में लड़की के भाई से अर्जुन की खासी कहासुनी और मारपीट भी हुई थी। इसके बाद से दोनों पक्ष में तनातनी चल रही थी। मंगलवार को अर्जुुन फिर मौसी के गांव पहुंच गया। बताते हैं कि इसी वक्त लड़की के घरवालों ने अर्जुन को सबक सिखाने का प्लान बना लिया। योजनाबद्ध तरीके से उसे घर पर दावत दी गई। यहां साथ बैठकर शराब पीने के साथ गिले शिकवे दूर करने की भी बातें हुईं। बाद में उसी बात पर कहासुनी शुरू की गई और फिर अर्जुन को घेरकर मार दिया गया। हिरासत में मौजूद लड़की का ताऊ हीरालाल रात में नशे में था। बुधवार को दिन में थाने में उसने हत्या करने से इनकार कर खुद को बेकसूर बताया। कहा कि उसकी शादी नहीं हुई है। वह एक गांव में अपनी रिश्तेदारी में रहता है। घटना कब और किसने की, उसे नहीं पता। पुलिस उसे पकड़ लाई है। थाना प्रभारी वीरेंद्र राणा सारी स्थिति से वाकिफ होने के बाद भी घटना की वजह बताने से बच रहे थे। उनका कहना था कि चुनाव का वक्त चल रहा है, किसी चुनावी टिप्पणी पर बहस के बाद हत्या कर दी होगी।