बरेली। बुलंदशहर में गोवंशीय पशु काटने को लेकर हुए बवाल के बाद सूबे में लॉ एंड आर्डर को सबसे ज्यादा खतरा गोवंशीय पशुओं के कटान से ही माना जा रहा है। यही वजह है कि पुलिस के टारगेट पर अब पशु तस्कर हैं। लोकसभा चुनाव से पहले माहौल बिगाड़ने की कोशिशों को नाकाम करने के लिए थानों को पशु तस्करी रोकने का मेसेज भी दिया जा चुका है। देहात क्षेत्रों में फरार तस्करों के घरों के आसपास मुनादी कराकर पुलिस गोवंशीय पशु न काटने की हिदायत दे रही है। आईजी ध्रुवकांत ठाकुर ने बरेली, पीलीभीत, शाहजहांपुर और बदायूं के कप्तानों को कुख्यात पशु तस्करों के खिलाफ एनएसए लगाने के आदेश जारी किए हैं।
लखनऊ, कानपुर, उन्नाव तक गोवंशीय पशुओं के मांस की डिलीवरी रामपुर से होती है। गोवंशीय पशुओं की खेप बरेली के रास्तों से होकर ही जाती है। भोजीपुरा, भुता, फरीदपुर, सिरौली समेत कई ब्लॉकों के दर्जनों गांवों में गोवंशीय पशुओं का कटान होता है। गोवंशीय पशुओं के मांस के धर्म स्थल में फेंके जाने, हाईवे के किनारे फेंककर माहौल बिगाड़ने की कोशिशें पहले भी हो चुकी हैं। एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि मौजूदा समय में लॉ एंड आर्डर को सबसे ज्यादा खतरा गोवंशीय पशुओं के कटान से है।
जिला केस तस्कर गिरफ्तार गुंडा एक्ट गैंगस्टर एनएसए
बरेली 671 671 670 20 28 --
बदायूं 402 448 332 29 71 08
पीलीभीत 533 571 450 61 67 11
शाहजहांपुर 335 390 363 27 41 --
(जून 2017 से 30 नवंबर 2018 तक तस्करी की स्थित जोन कार्यालय से प्राप्त है)
पशु तस्करों से सख्ती से निपटा जा रहा है। प्रकाश में आए तस्करों के खिलाफ गुंडा एक्ट, गैंगस्टर की कार्रवाई की जा रही है। बार-बार पशु तस्करी में गिरफ्तार होने वालों के खिलाफ एनएसए की कार्रवाई के आदेश चारों जिलों के कप्तानों को जारी किए हैं। - ध्रुवकांत ठाकुर, आईजी बरेली रेंज