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तो पुराने साथियों ने डाली माडर्न विलेज के मालिक के घर डकैती

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भोजीपुरा।
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माडर्न विलेज के मालिक राकेश शर्मा के मकान में नकाबपोश बदमाश सात लाख की डकैती डालकर फरार हो गए। हालांकि राकेश के इस दावे को पुलिस संदिग्ध मान रही है। मौके पर घटना को लेकर तमाम सवाल खड़े हो रहे हैं तो उन्होंने जिन दो लोगों को नामजद आरोपी बनाया है वह कभी उनके साथ काम करते थे और उनसे प्रापर्टी का झगड़ा भी चला है। पुलिस ने रिपोर्ट तो दर्ज कर लिया है लेकिन इन बिंदुओं को समेटकर जांच कर रही है।
माडर्न विलेज में अपने परिवार के साथ रहने वाले कारोबारी राकेश शर्मा ने पुलिस को बताया कि शनिवार रात करीब डेढ़ बजे उनके घर में आठ नकाबपोश बदमाश चाकू और लोहे की रॉड लिए घर में घुस आए। बदमाशों ने कारोबारी को उनकी पत्नी सहित उनके बेड रूम में बंधक बनाया। कारोबारी के शोर मचाने पर उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। बगल के कमरे में सो रहे उनके बेटे शशांक और पत्नी दमयंती भी बाहर निकले तो बदमाशों ने उनको भी बंधक बना लिया। परिवार के सदस्यों को कमरे में बंद करके बदमाशों ने अलमारियों में रखे दो लाख की नगदी, पांच लाख के जेवर, लैपटॉप, एलसीडी टीवी, दो राडो की घड़ियां और दो मोबाइल लूट ले गए। आरोप है कि महिलाओं के पहने हुए जेवर भी उतरवा लिए गए। लूटपाट के बाद बदमाश मुख्य द्वार से ही भाग निकले।
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कभी आरोपी साथ में करते थे कारोबार
भोजीपुरा पुलिस के मौके पर पहुंचने के बाद राकेश शर्मा ने बताया कि नकाब में उन्होंने दो बदमाशों को पहचाना है। उनके बयान के आधार पर पुलिस ने घंघोरा गांव में दबिश देकर उनके पुराने साथी रहे राजवीर पुत्र लालता प्रसाद और हाकिम सिंह यादव को उठा लिया। उनके पूछताछ के बाद पुलिस ने हाकिम को छोड़ भी दिया। यह भी सामने आया कि 2015 तक राजवीर और हाकिम कारोबारी राकेश के साथ मिलकर काम किया करते थे, लेकिन बाद में उनके बीच प्रापर्टी विवाद होने पर अलग हो गए। दोनों पक्षों के बीच झगड़े भी हुए थे।

पुलिस की नजर में वारदात संदिग्ध
-गेट का ताला कटा, लोहे का बुरादा नहीं मिला
पुलिस की जांच में एक कटा हुआ ताला बाउंड्री वॉल के पास लगे पेड़ की जड़ से मिला है, लेकिन लोहा कटने का बुरादा गेट पर नहीं मिला। साफ है कि ताला कही और काटा गया।

मारपीट की नौबत क्यों आई
घर की सभी अलमारियों में चाबियां लगी हुईं मिलीं, कहीं भी ताला तोड़ा नहीं गया। सवाल उठता तो मारपीट की क्या आवश्यकता थी। कई कीमती सामान लूट के बाद भी पुलिस को घर में ही मिले।

बदमाशों की एंट्री स्पष्ट नहीं
बदमाशों की घर में एंट्री तस्दीक नहीं हो सकी, कारोबारी के मुताबिक बदमाश दरवाजा तोड़कर अंदर आए, लेकिन पुलिस को इसके साक्ष्य नहीं मिले वहीं मुख्य द्वार से भागना बताया जा रहा है।
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नहीं हुई तोड़फोड़ की कोशिश
कारोबारी घर के अंदर सभी दरवाजे खुले हुए थे, कहीं भी दरवाजे तोड़े नहीं गए। बेटे के कमरे का दरवाजा भी खुला हुआ था, पुलिस को बदमाशों की लूटपाट के लिए कोशिश नजर नहीं आईं।

कमरे से दरवाजा तक घूमकर रूका डॉग
डॉग स्क्वाड कमरे के बाद सिर्फ दरवाजा तक घूमकर रह गया उसके आगे नहीं बढ़ा, साफ है कि उसको आगे गंध नहीं मिल सकी।

डकैती की रिपोर्ट थाने में दर्ज हुई है। बदमाश को पकड़कर पूछताछ हो रही है। शुरुआती जांच में कई बातें सामने आई जल्द मामले का खुलासा किया जाएगा।
- ख्याति गर्ग, एसपी देहात
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