फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

इंश्योरेंस क्लेम के बंटवारे में दो भाईयो ने पीटपीटकर की हत्या

विज्ञापन
विज्ञापन
फोटो ---
विज्ञापन

बीमा की रकम के विवाद में भाई की पीटकर हत्या
पुलिस ने आरोपी एक भाई को गिरफ्तार किया, दूसरे ने थाने में सरेंडर किया
हत्यारोपी भाइयों ने कहा, रुपया हड़पने के चक्कर में था छोटा भाई
अमर उजाला ब्यूरो
बरेली। पिता की हादसे में मौत के बाद इंश्योरेंस क्लेम के मिले आठ लाख रुपये के बंटवारे के विवाद दो भाइयों ने छोटे भाई को खपरैल से पीटकर मार डाला। घटना के बाद पुलिस ने एक भाई को मौके से पकड़ लिया, जबकि दूसरे ने फरीदपुर थाने में सरेंडर कर दिया। हत्यारोपी भाइयों के मुताबिक छोटा भाई क्लेम का पूरा रुपया हड़पने के चक्कर में था। फरीदपुर थाने का चार्ज संभाल रहे आईपीएस अविनाश कुमार ने हत्यारोपी दोनों भाइयों से पूछताछ की। इसके बाद उन्हें जेल भेज दिया गया।
फरीदपुर के गांव नौगंवा में रहने वाले किसान छदम्मीलाल की एक साल पहले ट्रैक्टर के नीचे दबकर मौत हो गई थी। उनकी मौत पर परिवार वालों को इंश्योरेंस क्लेम के 8.10 लाख रुपये मिले थे। रकम सबसे छोटे भाई धर्मेंद्र के खाते में जमा हुई थी, जबकि धर्मेंद्र के दोनों बड़े भाई प्रवेश और सुरेश उसे हिस्सा नहीं देना चाहते थे। इसी को लेकर तीनों के बीच विवाद था। मंगलवार रात धर्मेंद्र और प्रवेश के बीच इसे लेकर मारपीट हो गई। इसी बीच सुरेश ने खपरैल से धर्मेंद्र के सिर पर वार कर दिया। इससे वह लहूलुहान होकर गिर पड़ा। इसके बाद सुरेश और प्रवेश ने धर्मेंद्र पर खपरैल से कई वार किए। इससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। घटना की सूचना मिलने पर पुलिस ने बुधवार सुबह 7.10 बजे घर से प्रवेश को गिरफ्तार कर लिया, जबकि कुछ देर बाद सुरेश ने फरीदपुर थाने में सरेंडर कर दिया।
विज्ञापन


ट्रैक्टर मालिक से भी लिए थे तीन लाख रुपये
छदम्मीलाल की ट्रैक्टर के नीचे दबकर मौत होने के बाद उनके बेटों ने पहले हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसके बाद तीनों ने ट्रैक्टर मालिक से तीन लाख रुपये लेकर समझौता कर लिया और फिर रिपोर्ट हादसे की धारा में तरमीम हुई थी। हादसे में रिपोर्ट लिखे जाने के बाद ही इंश्योरेंस क्लेम मिला था।
विज्ञापन


तीन भाइयों के बीच झगड़े में एक की हत्या की सूचना आने पर पुलिस पहुंची थी। दोनों हत्यारोपी भाइयों को गिरफ्तार करके जेल भेजा गया है। मामला इंश्योरेंस क्लेम के बंटवारे का है। - अविनाश कुमार, प्रभारी फरीदपुर
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें