बरेली। नगर निगम चुनाव में पार्षद पद पर बार-बार चुनाव जीतकर अपना सियासी वर्चस्व कायम रखने वाले पार्षद एक बार फिर सफल रहे। कई पार्षद ऐसे हैं, जिन्हें आरक्षण में बदलाव की वजह से निवार्चन क्षेत्र बदलना पड़ा पर जीत फिर भी हासिल की। ब्यूरो
छंगामल ने छठवीं बार लहराया परचम
नवादा शेखान और कटरा चांद खां का प्रतिनिधित्व कर चुके छंगामल मौर्य अबकी बार नवादा शेखान से जीत हासिल की। वह छठवीं बार निर्वाचित हुए। भाजपा से निर्वाचित छंगामल अपने राजनीतिक कौशल के चलते यह जीत हासिल कर पाए।
सदन में फिर गूंजेगी चित्रा मिश्रा की आवाज
वार्ड 25 से पार्षद चुनीं गईं चित्रा मिश्रा 2012 व 2017 में भी पार्षद रहीं हैं। वह भाजपा पार्षद दल उपनेता का पद संभाल चुकी हैं। इस बार फिर से नगर निगम में मुखर महिला पार्षद बनकर मढ़ीनाथ क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करेंगी।
शालिनी जौहरी पांचवीं बार जीतीं
शालिनी जौहरी ने 2002 में पहला चुनाव जीता था। इसके बाद 2006, 2012, 2017 में अलग-अलग वार्डों से जनता का प्रतिनिधित्व किया। पांचवीं बार वह नगर निगम में वार्ड संख्या 54 भूड़ इलाके से चुनाव जीत कर पहुंचीं।
फिर प्रतिनिधित्व करेंगी भाजपा की शशि सक्सेना
शशि सक्सेना आवास विकास का प्रतिनिधित्व करेंगी। वह 2012 में पहली बार नगर निगम के सदन में पहुंचीं थीं। उन्होंने 2017 में भी प्रतिनिधित्व किया। इस बार वह वार्ड नंबर 67 आवास विकास से भाजपा की पार्षद चुनीं गईं। वह 1984 से भाजपा में सक्रिय हैं।
रामपुर बाग का प्रतिनिधित्व करेंगे राजेश कुमार अग्रवाल
राजेश कुमार अग्रवाल वार्ड संख्या 35 रामपुर बाग से सपा के पार्षद चुने गए हैं। वह छठवीं बार नगर निगम में जनता का प्रतिनिधित्व करेंगे। जनता से लगातार संपर्क बनाए रखने का फायदा उन्हें मिला है।
सतीश कातिब सातवीं बार सदन पहुंचे
सतीश कातिब अबकी बार वार्ड संख्या 23 इंदिरा नगर से पार्षद चुने गए। वह कई बार से नगर निगम में जनता की आवाज बुलंद कर रहे हैं। उनका यह सातवां कार्यकाल है।