बरेली। ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना मुफ्ती शहाबुद्दीन रिजवी बरेलवी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बयान पर प्रतिक्रिया दी। कहा कि आज भारत में मुसलमानों की जो दुर्दशा है, इसके पीछे कांग्रेस का ही हाथ है।
यह बात भारत का बच्चा-बच्चा जानता है कि भारत पर सबसे ज्यादा लगभग 65 साल के लंबे अरसे तक हुकूमत करने वाली पार्टी कांग्रेस है। कांग्रेस मुसलमानों को चुनाव के मौके पर सब्जबाग दिखाती है और मुसलमान खुश होकर कांग्रेस को एकतरफा वोट करता था। हुकूमत बनने के बाद चुनाव में दिखाए गए सपने धरातल पर उतरने की कोई योजना नहीं बनाई जाती थी। मुसलमान शिक्षा के क्षेत्र में और आर्थिक व सामाजिक एतबार से पिछड़ता चला गया, इसलिए हमें इस बात को कहने में कोई डर और खौफ नहीं है।
मौलाना ने कहा कि सरकारी नौकरियों में मुसलमान अब सिर्फ 1.75 फीसदी रह गए हैं। मुसलमानों की पसंद कांग्रेस नहीं है। कांग्रेस की लीडरशिप में और उसके विचारों में अंतर देखा जा रहा है। मौलाना ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने ये बात बांसवाड़ा में कही कि कांग्रेस मुसलमानों को जमीन जायदाद बांटने का काम करती थी। प्रधानमंत्री के इस बयान में कोई सच्चाई नहीं है। हकीकत ये है कि कांग्रेस ने मुसलमानों के उत्थान और जन कल्याण के लिए तो कुछ किया नहीं, मगर भारत के मुसलमानों को एक आइना जरूर दिखाया। सच्चर समिति के नाम से एक कमीशन कायम किया, इसके माध्यम से भारत में मुसलमानों के आर्थिक, शिक्षित और पिछड़ेपन पर रिपोर्ट तैयार कराई गई।