राजस्व विभाग, बीडीए और पूर्ति विभाग की रिपोर्ट में खुलासा
भूमाफिया और गैंगस्टर की कार्रवाई के बाद जब रमनदीप की संपत्तियों की पड़ताल शुरू हुई तो इसका पता चला। राजस्व विभाग द्वारा रमनदीप की जमीन का भौतिक सत्यापन कराया गया तो तहसीलदार और बीडीए सचिव ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि पेट्रोल पंप गाटा संख्या 520/691 पर स्थित है। इसके मानचित्र की स्वीकृति के लिए रमनदीप ने आवेदन किया था, लेकिन बीडीए ने इसे स्वीकृत नहीं किया है।
जिला आपूर्ति अधिकारी की रिपोर्ट में सामने आया कि धौरेरा माफी की गाटा संख्या 511 पर पेट्रोल पंप संचालित करने के लिए एनओसी ली गई है। एनओसी का प्रयोग कर रमनदीप के पंप ने डीजल लाइसेंस संख्या 139 प्राप्त किया और पंप को धोखाधड़ी कर दूसरे गाटा संख्या 520/691 पर स्थापित कर दिया। फर्जीवाड़ा सामने आने के बाद पुलिस ने रमनदीप के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है।