बरेली में डेढ़ साल पहले कपिश ज्वैलर्स के मैनेजिंग डायरेक्टर विवेक रस्तोगी और डायरेक्टर निशांत अग्रवाल के खिलाफ कोतवाली में दर्ज धोखाधड़ी के मामले में अब एफआर (अंतिम रिपोर्ट) लग गई है। इसमें दोनों के खिलाफ लगाए गए आरोप साबित नहीं हो सके हैं। जांच रिपोर्ट के मुताबिक वादी पक्ष ने कंपनी के करोड़ों रुपये का स्टॉक हड़पने और उसकी छवि धूमिल करने के लिए झूठी रिपोर्ट लिखवाई थी।
अगस्त 2021 में बहेड़ी निवासी गजेंद्र सिंह, ओमवीर सिंह, इटावा निवासी सचिन वर्मा, फर्रुखाबाद निवासी सिद्धार्थ अग्रवाल, दीपक अग्रवाल, पूरनपुर के गौरव खुराना, बांदा के पीयूष गुप्ता ने कोतवाली में उनके विरुद्ध धोखाधड़ी समेत अन्य धाराओं में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जांच के लिए तत्कालीन एसएसपीने तीन सदस्यीय एसआईटी गठित की थी। डेढ़ साल तक चली जांच के बाद अब एफआर लगी है।