बरेली। गेहूं खरीद का फर्जी बिल बनाने के आरोपी ठेकेदार की जमानत अर्जी कोर्ट ने खारिज कर दी। यह आदेश अपर सत्र न्यायाधीश सत्यदेव गुप्ता ने दिया। घटना की रिपोर्ट थाना भमौरा क्षेत्र निवासी वादी हरवंश सिंह चौहान ने 28 सितंबर, 2017 को लिखाई थी। रिपोर्ट में कहा था कि उन्होंने 214 क्विंटल गेहूं भमौरा के ठेकेदार अमित और उसके साथी मुनीश पाठक को 9 मई, 2017 को नितोई सेंटर पर बेचा था। इन लोगों ने उन्हें विश्वास दिलाया था कि उनका भुगतान यूपी एग्रो या एफसीआई से जल्द करा दिया जाएगा। वादी ने झांसे में आकर अपने मोहल्ले के राधेश्याम और रतीपाल का 102 व 103 क्विंटल गेहूं भी दिला दिया। आरोपियों ने भुगतान कराने में आनाकानी की। ज्यादा दबाव बनाने पर इन लोगों ने बिल बनाकर दे दिए। बाद में पता चला कि बिल फर्जी हैं। अभियोजन की ओर से सरकारी वकील सचिन जायसवाल ने जमानत अर्जी का विरोध किया। अदालत ने अभियुक्त मुनीश पाठक की जमानत अर्जी खारिज कर दी।