2025 की आबादी को ध्यान में रखकर बनाई गई योजना
अमृत 2.0 योजना की डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) को 2025 की आबादी को ध्यान में रखकर बनाया गया है। 2025 तक शहर के 80 वार्डों में 11.44 लाख आबादी होने का अनुमान है। इस आबादी की जरूरत को ध्यान में रखकर पेयजल योजना में प्रावधान किया गया है। जीपीएस सर्वे के मुताबिक 1,90,716 मकान हैं जिन्हें स्वच्छ पेयजल की जरूरत है। इसमें 93,000 घरों में पाइप वाटर सप्लाई के कनेक्शन हैं। ऐसे घर जो रह गए हैं, उन्हें नई योजना में कनेक्शन मिलेंगे।
जल निगम के सहायक अभियंता पीके पांडेय ने बताया कि फिलहाल प्रस्तावित योजना में 74 हजार घरों को कनेक्शन देने का प्रावधान है। यह संख्या बढ़ भी सकती है। लक्ष्य यही है कि कोई भी घर पाइप वाटर सप्लाई से वंचित न रहने पाए।
इन इलाकों को भी मिलेगी पेयजल सुविधा
फरीदापुर चौधरी, सैदुपर, सुभाषनगर के कई इलाकों, बिधौलिया वार्ड के गोविंदापुर और सनैया, बदायूं रोड पर बसीं नई कॉलोनियों, सौ फुटा रोड, रामपुर रोड, शाहजहांपुर व पीलीभीत रोड पर बसाई गईं नई कॉलोनियों में नगर निगम के जलकल विभाग की पाइप लाइन नहीं हैं। नई योजना में पाइपलाइन बिछेगी तो लोगों को स्वच्छ पेयजल मिल सकेगा। पाइप लाइनें जहां जर्जर हैं, वहां उनके स्थान पर नई पाइप लाइन भी बिछेगी।
जलकल के अधिशासी अभियंता सौरभ श्रीवास्तव ने बताया कि सर्वे के मुताबिक शहर में 2 लाख 10 हजार घर और प्रतिष्ठान हैं। इसमें 80 हजार कनेक्शन हैं। अब एक लाख बीस हजार कनेक्शन और होने हैं। कई इलाके तो ऐसे हैं जहां पर पाइप लाइन नहीं है। पाइप लाइन बिछाने, ओवर हैड टैंक बनाने और पूरे शहर को स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के लिए योजना मंजूर हुई है।
जल निगम के अधीक्षण अभियंता केके कटियार ने बताया कि शहर के लिए पेयजल योजना की तकनीकी स्वीकृत मिल गई है। वित्तीय स्वीकृति मिलते ही टेंडर निकालकर काम शुरू कराया जाएगा।
फिलहाल ये है व्यवस्था
42 ओवरहेड टैंक
76 नलकूप
845 किलोमीटर पाइपलाइन
95000 हजार घरों में है पाइप वाटर के लिए हैं कनेक्शन
अमृत 20 योजना में ये काम हैं प्रस्तावित
19 नए ओवरहेड टैंक बनेंगे।
37 नए नलकूप लगेंगे।
302 किलोमीटर पाइपलाइन बिछाई जाएगी।
74,000 घरों को और दिए जाएंगे कनेक्शन ।