बरेली। नाबालिग को बहला-फुसलाकर ले जाने व दुष्कर्म करने वाले दो युवकों को विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट उमाशंकर कहार की अदालत ने 20-20 साल कारावास की सजा सुनाई है।
फतेहगंज पश्चिमी थाना क्षेत्र के ग्रामीण ने 20 अप्रैल 2017 को थाने में तहरीर देते हुए बताया कि 19 अप्रैल 2017 को वह बाजार गया था। उसकी नाबालिग पुत्री घर में अकेली थी। लौटकर आया तो पुत्री घर में नहीं मिली। छानबीन करने पर मालूम हुआ कि थानाक्षेत्र के गांव बल्लिया पूर्वी के रहने वाले सचिन व प्रेमपाल उसकी पुत्री को बहला-फुसलाकर ले गए हैं। पुलिस ने किशोरी को बरामद कर आरोपियों को गिरफ्तार किया। अदालत में बयान के दौरान किशोरी ने बताया कि दोनों युवकों ने उसके साथ दुष्कर्म किया है। इसके बाद मुकदमे में दुष्कर्म की धारा भी बढ़ा दी गई।
अदालत में अभियोजन की तरफ से सात गवाह पेश किए गए। विशेष लोक अभियोजक राजीव तिवारी ने अभियोजन का पक्ष रखा। अदालत ने दोनों पक्षों को सुनने व साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद सचिन व प्रेमपाल को दोषी करार देते हुए 20-20 साल के कारावास की सजा सुनाई है।