बाराबंकी। मोबाइल गेम की आभासी दुनिया अब हकीकत में अपराध का दरवाजा बनती जा रही है। ऑनलाइन गेम खेलते-खेलते तीन युवक ऐसे साइबर अपराधियों के जाल में फंसे कि देखते ही देखते कमाई का शॉर्टकट उन्हें अपराध के नेटवर्क तक ले गया।
पुलिस की जांच में सामने आया कि युवक जापानी गेम पोकेमोन खेल रहे थे। इसी दौरान गेम में आई तकनीकी समस्या को लेकर किए गए एक कमेंट ने उनकी जिंदगी की दिशा बदल दी। गेम खेलते समय युवकों ने साइबर समस्या पर कमेंट किया। इसी बहाने ठगों ने उनसे संपर्क साधा। शुरुआत में मददगार बनकर बात की, फिर धीरे-धीरे भरोसा जीत लिया। इसके बाद युवकों को घर बैठे कमाई का लालच दिया गया। बिना मेहनत मोटी रकम कमाने का सपना दिखाया गया।
ठगों ने युवकों को बैंक खाते खुलवाने और उनकी डिटेल साझा करने के लिए तैयार किया। हर खाते के बदले 15,000 रुपये देने का वादा किया गया। चंद्रदीप द्वारा खुलवाए गए खाते के बदले जब पैसे मिले तो युवकों का भरोसा और बढ़ गया। वे पूरी तरह साइबर गिरोह के मोहरे बन गए। संदेश साफ है कि ऑनलाइन गेमिंग के दौरान अनजान लोगों से बातचीत खतरनाक हो सकती है।