त्रिलोकपुर कस्बे में सोमवार को अखंड ज्योति कलश रथ पहुंचने के बाद मौजूद श्रद्धालु ।
त्रिलोकपुर। माता भगवती जन्म शताब्दी एवं अखंड ज्योति के 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में शांति कुंज हरिद्वार से निकला अखंड ज्योति कलश रथ सोमवार को गायत्री संस्कार पीठ त्रिलोकपुर पहुंचा। कस्बे के समीप पहुंचते ही गायत्री परिवार के सदस्यों ने पुष्पवर्षा कर रथ का स्वागत किया। कलश रथ को गायत्री संस्कार पीठ परिसर में विधिवत रूप से लाया गया। श्रद्धालुओं ने रथ में विराजमान माता भगवती की आरती की।
शांति कुंज हरिद्वार से पधारी टोली ने सत्संग एवं माता गायत्री के भक्ति गीत गाकर श्रद्धालुओं को भाव विभोर कर दिया। इस अवसर पर टोली के मुख्य वक्ता शांति कुंज हरिद्वार से आए समर बहादुर सिंह ने बताया कि अखंड ज्योति कलश रथ देशभर में भ्रमण कर रहा है। इसका उद्देश्य शांति कुंज हरिद्वार में परम पूज्य गुरुदेव द्वारा स्थापित अखंड ज्योति के नवंबर 2026 में 100 वर्ष पूर्ण होने के उपलक्ष्य में आयोजित होने वाले भव्य जन्म शताब्दी समारोह के लिए देशवासियों को आमंत्रित करना है। उन्होंने सभी श्रद्धालुओं से इस ऐतिहासिक आयोजन में सहभागी बनने का आह्वान किया। उन्होंने बताया कि जिले में रथ यात्रा के दस दिन पूर्ण हो चुके हैं और गायत्री संस्कार पीठ त्रिलोकपुर इसका अंतिम पड़ाव है।
कार्यक्रम में गायत्री संस्कार पीठ के संस्थापक पवन कुमार नाग, अध्यक्ष रामकुमार, जितेंद्र वर्मा, बेचन लाल, सूर्या, एपी शर्मा, अर्जुन सिंह, जगजीवन प्रसाद उपस्थित रहे।