बाराबंकी। जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में आग से किसानों की फसल जल गई तो वहीं जंगल में अज्ञात कारणों से लगी आग से हड़कंप मच गया। कई पेड़ और झाड़ियां जल गईं जिसे अग्निशमन टीम ने बुझा लिया।
हैदरगढ़ कोतवाली के ग्राम बेहटा के मजरे सरइयां के जंगलों में मंगलवार दोपहर अचानक आग लग गई। हैदरगढ़ व रामसनेहीघाट से अग्निशमन की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और करीब एक घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। टीम के मुताबिक, डेढ़ से दो किमी. जंगल में आग फैल गई थी। इसमें झाड़-झंखार के साथ ही कुछ पेड़ भी जले हैैं। वन क्षेत्राधिकारी आरके मिश्रा ने बताया कि इससे वन विभाग के पेड़ों को अधिक नुकसान नहीं पहुंचा है। वहीं मसौली थाना क्षेत्र के जसकरनपुरवा गांव में मंगलवार दोपहर राजाराम के गेहूूं के खेत में अज्ञात कारणों से आग लग गई। तेज हवा के चलते आग ने भयावह रूप ले लिया और पड़ोस के जयकरन और देशराज के खेतों को भी चपेट में ले लिया। दमकल के न पहुंचने पर ग्रामीणों ने काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया, लेकिन तब तक छह बीघा गेहूं जल चुका था। ग्रामीणों ने तहसील प्रशासन को सूचना दी है। जैदपुर थाना क्षेत्र की ग्राम पंचायत नवाबपुर कोडरी के किसान प्रेम नारायण के खेत में कटे पड़े गेहूं के 200 सौ बोझ में अज्ञात कारणों से आग लग गई। किसानों ने जब तक आग पर काबू पाया, तब तक गेहूं पूरी तरह से जल चुका था। किसान की करीब 20 हजार रुपये कीमत की फसल जल गई। सूूचना पर पीआरवी व लेखपाल ने मौका मुआयना कर नुकसान का सर्वे किया। वहीं सुबेहा थाना क्षेत्र के ग्राम रोहनामीरापुर के मजरे सोइना में आग लगने से छह बीघा खेत में खड़ी गेहूं की फसल जल गई। गांव के लतीफ का खेत जला है। सूचना पर अग्निशमन दस्ते ने ग्रामीणों के सहयोग से आग बुझाई।