समाजवादी पार्टी में मचे सियासी घमासान के बीच पार्टी कार्यकर्ताओं में खलबली मची हुई है। पार्टी के नेता, मंत्री, विधायक व पदाधिकारी रविवार को पूरा दिन कार्यालय से नदारद रहे। पार्टी के शहर स्थित जिला कार्यालय पर ताला बंद होने के साथ ही सन्नाटा पसरा रहा। वहीं लोग टीवी से चिपके रहे और पूरे घटनाक्रम की जानकारी लेते दिखाई दिए।
समाजवादी पार्टी में रविवार को सीएम अखिलेश यादव के पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल सिंह यादव समेत चार कैबिनेट मंत्रियों को बर्खास्त करने के बाद जिले में भी सपा के खेमे मेें सियासी हलचल तेज हो गई है। पार्टी के ज्यादातर कार्यकर्ता व नेता इस मुद्दे पर किसी से कुछ बात करने को तैयार नहीं है। यहां पर भी एक खेमा सीएम अखिलेश तो एक शिवपाल का समर्थन कर रहा है।
सपा एमएलसी राजेश यादव राजू, प्रदेश महासचिव छात्रसभा करूणेश द्विवेदी (केडी), प्रदेश उपाध्यक्ष छात्रसभा दीपू लाला, ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि हरख मुख्तार अहमद शाह, शिवम शुक्ला, सभासद अजीत झा आदि ने खुलकर कहा है कि वह सीएम अखिलेश यादव के समर्थन में हैं।
इसके अलावा प्रदेश अध्यक्ष शिवपाल के समर्थन में भी काफी संख्या में सपाई हैं, लेकिन वे खुलकर कुछ बोल नहीं रहे है। सपा में रविवार को हुए राजनीतिक उलटफेर के बाद शहर के छाया चौराहे के पास नगर पालिका मार्केट स्थित जिला कार्यालय में पूरा दिन ताला बंद रहा। यहां पर न तो पार्टी जिलाध्यक्ष डॉ. कुलदीप सिंह दिखे और न ही कोई अन्य पदाधिकारी।
दिन भर लोग अपने-अपने घरों व कार्यालय में बैठकर प्रदेश की सत्ताधारी समाजवादी पार्टी में चल रही सियासी हलचलों की जानकारी टेलीवीजन पर न्यूज चैनलों व सोशल मीडिया से लेते रहे। पार्टी के विधायक व मंत्री भी पूरे दिन नदारद ही रहे। पार्टी के हाई लेबल पर चल रहे इस ड्रामा को लेकर जिले मेें भी कार्यकर्ताओं के बीच खलबली मची हुई है।